इनैक्टिवैटिड पोलियो वायरस वैक्सिन शुभारंभ को लेकर कार्यशाला का आयोजन फोटो : 2(बच्चों को दवा पिला कर अभियान का शुभारंभ करते डीएम डाॅ कौशल किशोर व अन्य)प्रतिनिधि, जमुई जिलाधिकारी डाॅ कौशल किशोर ने बच्चों को इनैक्टिवैटिड पोलिया वायरस वैक्सिन पिला कर अभियान का शुभारंभ किया. मौके पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए डीएम श्री किशोर ने कहा कि हमारे देश में पोलियो का आखिरी मामला पश्चिम बंगाल के हावड़ा जिले में पाया गया था और बिहार में इसका अंतिम मामला सितंबर 2010 में पाया गया था. लेकिन आज भी अफगानिस्तान और पाकिस्तान जैसे पड़ोसी देशों में वाइल्ड पोलिया वायरस आज भी मौजूद है और यह एक जगह से दूसरी जगह लोगों के साथ स्थानांतरित हो सकता है. अपने देश में नियमित टीकाकरण कार्यक्रम के तहत इनैक्टिवैटिड पोलिया वायरस वैक्सिन की शुरूआत की जा रही है. जिसमें आइपीभी का एक इंजेक्शन ओरल पोलियो वैक्सिन की तीसरी खुराक के साथ दी जायेगी और विश्व से पोलियो का सफाया करने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम है. सिविल सर्जन डा. अजीत कुमार ने बताया कि यह इन्ट्रा मस्कुलर में लगाया जाने वाला इजैक्टेवल टीका है. इसमें निष्क्रिय या मृत वायरस होता है. वातावरण में किसी तरह की प्रतिरोधक क्षमता नहीं पैदा करता है. जिससे लगता हैं कि केवल उसके ऊपर ही असर करेगा. यह टीका नवजात शिशुओं को 14 सप्ताह से एक वर्ष तक के लिए सरकारी अस्पताल,स्वास्थ्य केंद्र और आंगनबाड़ी केंद्र पर नि:शुल्क दिया जायेगा. यह बच्चे को दोहरी सुरक्षा प्रदान करता है. इस अवसर पर डाॅ अंजनी कुमार सिन्हा, डाॅ नौशाद आलम, डाॅ वीपी सिंह समेत दर्जनों अस्पताल कर्मी मौजूद थे.
इनैक्टिवैटिड पोलियो वायरस वैक्सिन शुभारंभ को लेकर कार्यशाला का आयोजन
इनैक्टिवैटिड पोलियो वायरस वैक्सिन शुभारंभ को लेकर कार्यशाला का आयोजन फोटो : 2(बच्चों को दवा पिला कर अभियान का शुभारंभ करते डीएम डाॅ कौशल किशोर व अन्य)प्रतिनिधि, जमुई जिलाधिकारी डाॅ कौशल किशोर ने बच्चों को इनैक्टिवैटिड पोलिया वायरस वैक्सिन पिला कर अभियान का शुभारंभ किया. मौके पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए डीएम श्री […]
