नाटक के द्वारा समाज से भटके लोगों को दिया संदेश फोटो 7(नाटक का मंचन करते कलाकार)झाझा . पुलिस कप्तान जयंतकांत के निर्देश पर समाज से भटके लोगों में जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से थाना क्षेत्र के उमविपरासी में कलाकारों द्वारा एक नाटक का सफल मंचन किया गया़ नुक्कड़ नाटक भटके राही के कलाकारों द्वारा समाज में ये संदेश देने का प्रयास किया गया कि जो लोग अपने परिवार समाज से कट जातें है तो उनके साथ-साथ उनके परिवारों को कितनी कठिन समस्याओं से गुजरना पड़ता है. किस तरह दवा के आभाव में छोटे बच्चे से लेकर बड़ों तक को बीमारी की जिल्लत झेलनी पड़ती है़ यहां तक की समुचित ईलाज के आभाव में कई जिंदगियां तबाह हो जाती है. नाटक द्वारा यह संदेश देने का प्रयास किया गया कि जो लोग समाज से अलग हो जातें है या उग्रवादी, माओवादी बन जातें है तो वह समाज सुधारक नहीं बल्कि समाज को तबाह एवं तोड़ने वाला बन जाता है. समाज के विकास के लिए बनाये जा रहे पुल -पुलियों, विद्यालयों आदि को क्षतिग्रस्त कर देने से आखिर किस तरह समाज का विकास रूक जाता है. अशिक्षा के अभाव में समाज परिवार कैसे पीछे रह जाता है नाटक के द्वारा मंचन कर दर्शकों को दिखाया गया. भटके रही नाटक से ग्रामीण काफी प्रभावित दिखे़ मौके पर सी आर पी एफ 215 के सहायक कमांडेंट, सर्किल निरीक्षक चंदेश्वर पासवान, पुनिसह झाझा थानाध्यक्ष अरुण कुमार रय के अलावे बड़ी संख्या में पुलिस बल मौजूद थे.
नाटक के द्वारा समाज से भटके लोगों को दिया संदेश
नाटक के द्वारा समाज से भटके लोगों को दिया संदेश फोटो 7(नाटक का मंचन करते कलाकार)झाझा . पुलिस कप्तान जयंतकांत के निर्देश पर समाज से भटके लोगों में जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से थाना क्षेत्र के उमविपरासी में कलाकारों द्वारा एक नाटक का सफल मंचन किया गया़ नुक्कड़ नाटक भटके राही के कलाकारों द्वारा समाज […]
