हेडिंग : प्रतिमा चोरी : भाकपा माओवादी जन अदालत लगा कर देगी सजाजमुई. जिले के खैरा थाना क्षेत्र जन्म स्थान में स्थापित विश्व प्रसिद्ध भगवान महावीर प्रतिमा चोरी मामले को संगठन ने गंभीरता से लिया है. भाकपा माओवादी संगठन ने अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा है कि प्रतिमा चोरी मामले में संगठन जन अदालत लगा कर मूर्ति चोरों को सजा देगी. इस बाबत माओवादी संगठन के पूर्वी बिहार पूर्वोत्तर झारखंड स्पेशल एरिया कमेटी के प्रवक्ता लालजीत कोड़ा ने प्रभात खबर कार्यालय को दूरभाष पर बताया कि इस घटना में संगठन का कोई हाथ नहीं है, बल्कि संगठन इस घटना की भर्त्सना करती है. प्रवक्ता लालजीत कोड़ा ने बताया कि प्रतिमा चोरी माले को लेकर संगठन के सदस्य भी अपराधिक गिरोह के सदस्यों की तलाश कर रही है. नक्सली प्रवक्ता ने बताया कि मूर्ति चोर गिरोह के साथ स्थानीय सक्रिय अापराधिक गिरोह का साथ होने के उपरांत यह घटना सफल हो सकता है.छोटे गिरोहों की मदद से रजक गिरोह ने दिया वारदात को अंजाम!जमुई. कई छोटे गिरोहों की मदद से रजक गिरोह ने मूर्ति चोरी मामले को अंजाम तक पहुंचाया है. प्रकाश रजक गिरोह पर पुलिस को भी शक है. पुलिस इस बिंदु पर भी जांच कर रही है कि अकेले कैसे एक गिरोह ने इध घटना को अंजाम दिया. निश्चित रूप से इसके पीछे लगातार रेकी और लोकल छोटे-छोटे गिरोह का साथ रजक गिरोह ने लिया. सूत्रों के मुताबिक पुलिस के साथ ही नक्सली संगठन भी इस गिरोह की तलाश कर रही है. सूत्रों का यह भी कहना है कि इस गिरोह ने अंतरराष्ट्रीय गिरोह के इशारे पर इसको अंजाम दिया है. प्रतिमा भी जमुई के आसपास ही कहीं जंगल में जमीन के नीचे गाड़ कर रखी हुई है. गिरोह यह चाहती है कि पुलिस दबिश तेज रहने तक प्रतिमा को क्षेत्र से बाहर किया जाये. इसके लिए गिरोह फूंक-फूंक कर कदम रख रही है. सूत्रों के मुताबिक रेकी के लिए स्थानीय कुछ युवकों को भी गिरोह में पिछले माह शामिल किया गया था. इस बात की पुष्टि पुलिस द्वारा हिरासत में लिये गये लोगों से होता है.
हेडिंग : प्रतिमा चोरी : भाकपा माओवादी जन अदालत लगा कर देगी सजा
हेडिंग : प्रतिमा चोरी : भाकपा माओवादी जन अदालत लगा कर देगी सजाजमुई. जिले के खैरा थाना क्षेत्र जन्म स्थान में स्थापित विश्व प्रसिद्ध भगवान महावीर प्रतिमा चोरी मामले को संगठन ने गंभीरता से लिया है. भाकपा माओवादी संगठन ने अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा है कि प्रतिमा चोरी मामले में संगठन जन अदालत […]
