इस वर्ष दुर्गापूजा की महासप्तमी भले ही 17 अक्टूबर को हो, लेकिन पश्चिम बंगाल से सीमांचल लौटने वाले प्रवासियों और श्रद्धालुओं में घर वापसी को लेकर अभी से अभूतपूर्व होड़ मच गई है. महाषष्ठी के दिन यानी 16 अक्टूबर को सियालदह व कोलकाता से ठाकुरगंज एवं किशनगंज आने वाली ट्रेनों की 60 दिन पूर्व की एडवांस टिकट बुकिंग सोमवार सुबह 8:00 बजे जैसे ही खुली, कुछ ही मिनटों में सभी सीटें बुक हो गईं. देखते ही देखते अधिकांश प्रमुख ट्रेनों की अलग-अलग श्रेणियों में 'रिग्रेट - नो मोर बुकिंग' का संदेश दिखने लगा, जिससे त्योहारी सीजन में घर लौटने की योजना बना रहे यात्रियों की चिंता बढ़ गई है.
कंचन कन्या एक्सप्रेस में टिकट खिड़की खुलते ही सीटें फुल
सियालदह से ठाकुरगंज के लिए सीधी कनेक्टिविटी देने वाली सबसे लोकप्रिय 13149 कंचन कन्या एक्सप्रेस पर यात्रियों का सबसे भारी दबाव देखा गया. बुकिंग शुरू होने के चंद मिनटों के भीतर ही इस ट्रेन के स्लीपर क्लास, 3-इकोनॉमी (3E), थर्ड एसी (3A), सेकंड एसी (2A) और फर्स्ट एसी (1A) समेत लगभग सभी श्रेणियों में उपलब्ध सीटें भर गईं और बुकिंग पूरी तरह बंद (Regret) हो गई. नतीजा यह रहा कि समय पर ऑनलाइन व काउंटर पर प्रयास करने के बावजूद सैकड़ों यात्रियों को कन्फर्म सीट हासिल नहीं हो सकी.
एनजेपी रूट की ट्रेनों में भी वेटिंग लिस्ट 150 के पार
ठाकुरगंज की सीधी ट्रेनों में जगह नहीं मिलने पर यात्रियों ने न्यू जलपाईगुड़ी (NJP) रूट से आने वाली ट्रेनों में विकल्प तलाशना शुरू किया, लेकिन वहां भी स्थिति बेहद निराशाजनक रही. 15673 अमृत भारत एक्सप्रेस के स्लीपर क्लास में वेटिंग लिस्ट 52 तक पहुंच गई. वहीं 13173 कंचनजंघा एक्सप्रेस में स्लीपर क्लास में 93 और थर्ड एसी (3A) में प्रतीक्षा सूची 143 के आंकड़े को छू गई. इसके साथ ही 13141 तीस्ता तोरसा एक्सप्रेस के स्लीपर क्लास में वेटिंग लिस्ट 123 तक जा पहुंची है, जिससे सामान्य यात्रियों के लिए कन्फर्म टिकट की उम्मीदें लगभग समाप्त हो चुकी हैं.
प्रीमियम ट्रेनों वंदे भारत और शताब्दी में भी भारी मारामारी
त्योहारी भीड़ का असर केवल नियमित मेल-एक्सप्रेस ट्रेनों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि प्रीमियम ट्रेनों में भी जबरदस्त दबाव देखा जा रहा है. हावड़ा-एनजेपी रूट पर चलने वाली 22301 वंदे भारत एक्सप्रेस और 12041 शताब्दी एक्सप्रेस जैसी सेमी-हाईस्पीड और सुपरफास्ट ट्रेनों में भी यात्रियों को आसानी से कन्फर्म सीट नहीं मिल पा रही है. इन ट्रेनों में भी चेयर कार और एग्जीक्यूटिव क्लास में लंबी वेटिंग लिस्ट दर्ज की गई है, जबकि कुछ श्रेणियों में बुकिंग बंद होने की नौबत आ गई है.
पूजा स्पेशल ट्रेनों और अतिरिक्त कोचों की उठी मांग
दुर्गापूजा के पावन अवसर पर कोलकाता और आसपास के औद्योगिक क्षेत्रों से किशनगंज, ठाकुरगंज, अररिया और पूर्णिया सहित समूचे सीमांचल में लाखों लोग अपने पैतृक घर लौटते हैं. बुकिंग के पहले ही दिन मची इस आपाधापी ने स्पष्ट कर दिया है कि आने वाले दिनों में यात्रा का संकट और विकराल रूप ले सकता है. सीमांचल के प्रवासियों और दैनिक यात्रियों ने पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे (NFR) और पूर्व रेलवे (ER) प्रशासन से मांग की है कि यात्रियों की भारी भीड़ को देखते हुए तत्काल स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया जाए तथा नियमित ट्रेनों में अतिरिक्त कोच जोड़े जाएं ताकि लोग सुगमता से अपने घर पहुंच सकें.
