किशनगंज : केंद्रीय मंत्री सह बिहार प्रभारी अनंत कुमार ने कहा कि महागंठबंधन नहीं, विनाश बंधन है. बिहार के लोग लालू और राबड़ी का जंगलराज वन, नीतीश-लालू का जंगलराज टू देख चुके हैं. अब फिर जंगलराज थ्री नहीं आने देना चाह रहे हैं और इसके लिए बिहार के मतदाता एनडीए को भारी मतों से सत्ता पर आसीन करेंगे.
श्री कुमार सोमवार को एमजीएम मेडिकल कॉलेज में संवाददाताओं से बात कर रहे थे. उन्होंने शहर के बुद्धिजीवियों व कार्यकर्ताओं से भी बात की. पत्रकारों से बातचीत में अनंत ने कहा कि भाजपा आरक्षण का पक्षधर है. इसमें कहीं किसी बदलाव की संभावना नहीं है.
मुद्दा विहीन विपक्ष बेवजह इस मुद्दे को तूल दे रहा है. उन्होंने कहा कि बिहारी प्रतिभा को बिहार में मौका मिलना चाहिए. इसके लिए यहां के युवा एकजुट हैं और एनडीए के पक्ष में मतदान करने का मन बना चुके हैं. उन्होंने इशारे ही इशारे में कहा कि बिहार के विकास के लिए लोकतंत्र की जरूरत है न कि तंत्र-मंत्र की. महागंठबंधन ने अपनी हार सुनिश्चित मान कर तंत्र-मंत्र का सहारा लेना शुरू कर दिया है.
लालू ने चुनाव प्रचार के स्तर को काफी गिरा दिया है, जो लोकतंत्र के लिए चिंता का विषय है. बिहार की जनता उम्मीदों का बिहार बनाने के लिए वोट करेगी, न कि जात-पात के नाम पर. युवा मतदाताओं का एक वर्ग बिहार में उभर कर सामने आया है जो बिहार में परिवर्तन के लिए लालायित है.
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक नया बिहार बनाने का सपना देखा है. यह सपना बिहारवासी एनडीएम की सरकार बना कर जल्द पूरा करनेवाले हैं. संवाददाता सम्मेलन में मौजूद विधान पार्षद सह प्रदेश कोषाध्यक्ष डॉ दिलीप जायसवाल, जबलपुर के सांसद राकेश सिंह, प्रदेश चिकित्सा मंच के डॉ इच्छित भारत मौजूद थे.
