* कॉलेज प्रशासन पर लगा गड़बड़ी का आरोप
किशनगंज : बीए पार्ट वन में नामांकन के लिए छात्र–छात्राओं ने मंगलवार को स्थानीय मारवाड़ी कॉलेज में जम कर हंगामा किया. हंगामा कर रहे छात्र–छात्राओं ने आरोप लगाया कि पूर्व में नामांकन के लिए आने पर कॉलेज प्रबंधन द्वारा टाल मटोल का रवैया अपना जाता रहा. परंतु आखिरी तारीख को वे नामांकन न किये जाने की जानकारी दे रहे है.
नामांकन न होने की स्थिति में छात्रों का भविष्य अंधकारमय नजर आ रहा है. उन्हें अपना कीमती एक वर्ष बेकार चले जाने का डर भी सताने लगा है. इस मौके पर पीड़ित छात्र–छात्राओं ने कॉलेज प्रशासन पर आरोप लगाते हुए कहा कि मारवाड़ी कॉलेज में बीए, बीएससी व बीकॉम तीनों संकायों में कुल नामांकन के लिए 1632 सीट आवंटित है, जिनके एवज में 25 सौ से ज्यादा फार्म नामांकन के लिए भरे गये है.
वहीं कई छात्रों ने कॉलेज प्रशासन पर नामांकन के नाम पर छात्रों से अवैध वसूली का भी आरोप लगाया. इन छात्रों का कहना था कि कॉलेज प्रशासन द्वारा फार्म चेक करने के नाम पर 50 रुपया, नामांकन के लिए 700, रजिस्ट्रेशन के लिए 100 रुपया और फार्म के नाम पर 150 रुपया वसूला जा रहा है, जो सर्वथा अनुचित है. छात्रों ने कहा कि वैसे छात्र जो ज्यादा पैसा दे रहे है उनका नामांकन किया जा रहा है. इतना ही नहीं स्थानीय छात्रों की उपेक्षा कर पश्चिम बंगाल व आस पड़ोस के छात्र–छात्राओं का नामांकन किया जा रहा है. वहीं छात्रों ने आरोप लगाते हुए कहा कि 60 प्रतिशत से ज्यादा अंक प्राप्त करने के बावजूद उनका नामांकन न कर 40-45 प्रतिशत अंक प्राप्त करने वाले बाहरी छात्र–छात्राओं को ज्यादा तरजीह दी जा रही है.
इस संबंध में पूछे जाने पर मारवाड़ी कॉलेज के प्रभारी प्राचार्य रेणुका साहा ने बताया कि बीएससी, बीए, बीकॉम संकाय मिला कर कुल 1632 सीट उपलब्ध है. जिन पर पहले आओ पहले पाओ के आधार पर नामांकन हो चुका है. ऐसी स्थिति में सीट से ज्यादा नामांकन संभव नहीं है. उन्होंने बताया कि अगर कॉलेज द्वारा निर्धारित संख्या से ज्यादा नामांकन किया जाता है तो उन्हें बिहार सरकार के द्वारा परीक्षा के लिए रजिस्ट्रेशन की अनुमति नहीं दी जायेगी. वहीं उन्होंने कॉलेज कर्मियों द्वारा नाजायज वसूली किये जाने के आरोप को बेबुनियाद बताया.
हालांकि उन्होंने छात्र–छात्राओं को हो रही असुविधा से कुलपति को अवगत करा अतिरिक्त नामांकन किये जाने की मांग करने की भी बात कही. इस मौके पर छात्रों ने बताया कि अगर विश्वविद्यालय द्वारा वंचित छात्रों का नामांकन नहीं किया जाता है तो वे उग्र आंदोलन करने को विवश होंगे. इस मौके पर पूजा कुमारी, अफसाना खातून, अफसाना परवीन, पंकज कुमार, सूरज कुमार मोदी, नावेद आलम, अल्ताफ हुसैन, मनोज कुमार, रज्जाक अली, सोएब अख्तर सहित सैकड़ों अन्य छात्र–छात्रएं मौजूद थी.
