किशनगंज : क्राइम इंवेस्टिगेशन एंड डिडेक्टिव ब्यूरो (सीआइडीबी) बन कर पांच नटवर लाल जिला पदाधिकारी आदित्य कुमार दास के कार्यालय कक्ष में पहुंचे और उन्हें गुमराह कर ठगने का प्रयास किया. जिलाधिकारी ने नटवर लाल की हरकत को भांप फौरन टाउन थानाध्यक्ष को बुलाया और पांचों को हिरासत में लेने का निर्देश दिया.
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार एवं एसडीओ कंवल तनुज भी मौके पर पहुंच कर तथाकथित सीआइडीबी के लोगों से पूछताछ की. पकड़े गये नकली सीआइडीबी के लोगों की जब तलाशी ली गयी तो भारी संख्या में फर्जी आइकार्ड, डायरी, मोबाइल, डिजिटल कैमरा, पेन कार्ड व नन बैंकिंग कंपनी के बाउंड व नकद रुपये बरामद हुआ. इसके अलावा एक स्कॉरपियो (बीआर38इ 2022) को भी जब्त किया गया है. जब्त डायरी में कई सीडीपीओ व अन्य पदाधिकारियों के मोबाइल नंबर अंकित हैं.
गिरफ्तार फर्जी सीआइडीबी के सरगना निर्मल कुमार दास, पिता भागवत लाल दास साकिन बड़ेपाड़ा पोसदाह, थाना नरपतगंज, जिला अररिया निवासी हैं.
उसके साथ धराये गये सदस्यों में राम चंद्र सिन्हा पिता गयानंद सिन्हा, ढोलबज्जा, थाना फारबिसगंज, उत्तम कुमार सिंह पिता विमल प्रसाद सिंह साकिन गुरमीह थाना सिमराह,भरत कुमार मंडल पिता जगदीश मंडल साकिन मटियारी थाना बथनाह एवं स्कॉरपियो चालक राजेंद्र मंडल पिता कामलूम मंडल साकिन दुर्गापुर थाना नरपतगंज सभी जिला अररिया के निवासी हैं.
मामले के संबंध में डीएम श्री दास ने बताया कि समाहरणालय पहुंच कर ये लोग मिलने के लिए अपना परिचय सीआइडीबी, दिल्ली लिख कर परची आदेशपाल के माध्यम से डीएम को भेजा. स्लिप पढ़ते ही जिला पदाधिकारी ने फौरन उन लोगों को अंदर बुलाया. अंदर पहुंचते ही फर्जी सीआइडीबी के ब्यूरो निर्मल कुमार दास ने डीएम से कहा कि अकेले में कुछ गोपनीय बातें करनी है.
श्री दास ने जब इससे इनका परिचय पत्र मांगा तो उसे देख कर पूरा माजरा समझ में उन्हें आ गया. उन्होंने तत्काल पुलिस अधीक्षक को बुला कर पूरे मामले से अवगत कराया. मौके पर मौजूद एसडीओ कंवल तनुज इनसे पूछताछ की तो इन लोगों ने बताया कि वे लोग विकास योजनाओं की जांच करते हैं.
सख्ती से पूछताछ करने पर उत्तम सिंह एवं भरत कुमार मंडल ने जाल में फंसता देख स्वयं को पत्रकार बताने लगा और कहा कि निर्मल कुमार दास सात हजार रुपये में हम लोगों को सीआइडीबी में भर्ती किया है और परिचय पत्र भी निर्गत किया है. पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार ने कहा कि गिरफ्तार किये गये सभी लोगों के बारे में संबंधित गृह थाना क्षेत्र से पता किया गया है. जानकारी मिली है कि ये लोग आदतन ठग हैं. उन्होंने कहा कि पूरे मामले की तफ्तीश की जा रही है और जो भी लोग इस गिरोह में शामिल हैं उन्हें बख्शा नहीं जायेगा.
* डीएम को गुमराह करने पहुंच गये थे उनके कार्यालय
* हरकत भांप डीएम को हुआ शक, टाउन थानाध्यक्ष को बुलाया
* एसपी मनोज कुमार खुद कर रहे पूछताछ
* फर्जी आइकार्ड, डायरी, मोबाइल, डिजिटल कैमरा, पैन कार्ड, नॉन बैंकिंग कंपनी के बाउंड व नकद बरामद
* एक स्कॉरपियो भी किया गया जब्त
