खगड़िया: परबत्ता में गंगा के जलस्तर में उफान, मध्य विद्यालय गोढ़ियासी में घुसा बाढ़ का पानी; हजारों एकड़ फसल जलमग्न

खगड़िया जिले के परबत्ता प्रखंड में गंगा नदी के जलस्तर में अप्रत्याशित वृद्धि से बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है. जोरावरपुर पंचायत के मध्य विद्यालय गोढ़ियासी में पानी घुसने से पठन-पाठन ठप हो गया है. दियारा क्षेत्र की हजारों एकड़ फसलें डूबने से किसानों पर आर्थिक संकट गहरा गया है.

खगड़िया जिले के परबत्ता प्रखंड में पिछले दो दिनों से गंगा नदी के जलस्तर में हो रही अप्रत्याशित वृद्धि ने एक बार फिर तबाही की आहट दे दी है. जलस्तर बढ़ने से प्रखंड के निचले और दियारा क्षेत्रों में बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है, जिससे स्थानीय लोगों की चिंताएं काफी बढ़ गई हैं. हालांकि, फिलहाल किसी घनी आबादी वाले इलाके में पानी प्रवेश करने की सूचना नहीं है, लेकिन शैक्षणिक संस्थानों और कृषि भूमि पर इसका गहरा प्रभाव पड़ना शुरू हो गया है.

स्कूल परिसर में घुसा पानी, पठन-पाठन हुआ ठप

गंगा के उफान का सबसे पहला असर जोरावरपुर पंचायत स्थित मध्य विद्यालय गोढ़ियासी पर पड़ा है, जहां पूरे विद्यालय परिसर में गंगा का पानी प्रवेश कर गया है. विद्यालय के प्रधानाध्यापक दिलीप कुमार ने बताया कि शनिवार को बढ़े जलस्तर के कारण स्कूल परिसर जलमग्न हो गया. ऐसे में बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए उन्हें विद्यालय आने से रोक दिया गया है. एहतियातन रविवार और सोमवार को विद्यालय बंद रखा गया है. इसके बाद बाढ़ की स्थिति का आकलन कर विद्यालय संचालन के संबंध में निर्णय लिया जाएगा. इसकी लिखित सूचना प्रखंड एवं जिला शिक्षा पदाधिकारी को दे दी गई है. इस बीच, घुटने भर पानी से होकर स्कूल पहुंचने वाले शिक्षकों को भी आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.

बाढ़ के पानी में डूबा विधालय | Prabhat Khabar Network

दियारा की हजारों एकड़ फसल डूबी, किसानों पर आर्थिक संकट

बाढ़ के पानी ने दियारा क्षेत्र के किसानों की मुश्किलें सबसे ज्यादा बढ़ा दी हैं. नयागांव, माधवपुर, अगुवानी, लगार, भरसो, सलारपुर और खजरैठा सहित विभिन्न दियारा क्षेत्रों में हजारों एकड़ में लगी लहलहाती खड़ी फसल पूरी तरह बाढ़ के पानी में डूब गई है. खेतों में लगातार पानी जमा रहने से फसलों के सड़ने का खतरा पैदा हो गया है. इससे किसानों को बड़े पैमाने पर नुकसान होने की आशंका है. किसानों का कहना है कि यदि हालात ऐसे ही रहे, तो उनके सामने रोजी-रोटी और गहरा आर्थिक संकट खड़ा हो जाएगा.

प्रशासन मुस्तैद, सीओ बोले- हालात पर है पूरी नजर

बाढ़ के संभावित खतरे को देखते हुए अंचल प्रशासन भी पूरी तरह से अलर्ट मोड में आ गया है. परबत्ता के अंचल अधिकारी (CO) हरिनाथ राम ने हालात का जायजा लेने के बाद बताया कि फिलहाल बाढ़ का पानी आबादी वाले इलाकों से दूर है और घबराने की कोई बात नहीं है. प्रशासन की ओर से जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है और किसी भी आपदा से निपटने के लिए आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं. उन्होंने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में प्रशासन द्वारा 'चौपाल' लगाकर लोगों को बाढ़ के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों, सुरक्षित स्थानों पर जाने और संभावित खतरों से बचाव के उपायों की जानकारी देकर जागरूक किया जा रहा है.


प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By पलटू झा

पलटू झा प्रिंट माध्यम में 11 वर्षों से और डिजिटल माध्यम में पिछले 4 वर्षों से पत्रकारिता में एक्टिव हैं. परबत्ता (खगड़िया) क्षेत्र में काम कर रहे हैं. सामाजिक गतिविधि, खेल, इतिहास और राजनीतिक गतिविधियों की खबरों में रुचि रखते हैं.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >