खगड़िया गोगरी से रणवीर झा की रिपोर्ट. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ‘पेट्रोल-डीजल बचाओ’ और पर्यावरण संरक्षण की अपील का असर अब बिहार के खगड़िया जिले में धरातल पर दिखने लगा है. जिले के आला अधिकारियों ने इस दिशा में एक अनुकरणीय पहल शुरू की है, जिसकी हर तरफ चर्चा हो रही है.
डीएम और एसपी ने पेश की मिसाल
शुक्रवार को खगड़िया के जिलाधिकारी (DM) नवीन कुमार और पुलिस अधीक्षक (SP) राकेश कुमार ने अपने सरकारी वाहनों को छोड़कर साइकिल की सवारी की. दोनों अधिकारी खगड़िया डीडीसी (DDC) व अन्य पदाधिकारियों के साथ अपने आवास से कार्यालय तक साइकिल चलाकर पहुंचे. अधिकारियों को साइकिल से दफ्तर जाते देख आम लोग भी काफी प्रभावित नजर आए.
शुक्रवार को घोषित किया ‘नो व्हीकल डे’
इस पहल को केवल एक दिन का आयोजन न रखते हुए इसे साप्ताहिक अभियान का रूप दिया गया है. जिलाधिकारी ने एक आधिकारिक पत्र जारी कर जिले के सभी अधिकारियों, पुलिस पदाधिकारियों और कर्मचारियों से अपील की है कि:
- सप्ताह में कम से कम एक दिन (प्रत्येक शुक्रवार) को ‘नो व्हीकल डे’ के रूप में मनाएं.
- कार्यालय आने-जाने के लिए साइकिल या पैदल माध्यम का चुनाव करें.
ऊर्जा संरक्षण और स्वास्थ्य के लिए जरूरी कदम
जिला प्रशासन की इस पहल के पीछे कई महत्वपूर्ण उद्देश्य छिपे हैं. अधिकारियों ने बताया कि इस अभियान का मुख्य लक्ष्य ऊर्जा संरक्षण, ईंधन की बचत, पर्यावरण की सुरक्षा और एक स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देना है. डीएम और एसपी ने संयुक्त रूप से कहा, “हमारी छोटी-छोटी आदतों में बदलाव लाकर समाज में बड़ा परिवर्तन लाया जा सकता है. जिनका निवास कार्यालय के समीप है, उन्हें अनावश्यक वाहन के उपयोग से बचना चाहिए.”
