भारत की आगामी जनगणना 2027 को लेकर प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां अब तेज हो गई हैं. इसी कड़ी में खगड़िया जिले के गोगरी सहित पूरे राज्य में जिला जनगणना हस्तपुस्तिका के प्रकाशन के लिए सामाजिक-आर्थिक एवं नागरिक सुविधाओं के आंकड़ों के संकलन की समय-सारणी तय कर दी गई है. नगर विकास एवं आवास विभाग के अवर सचिव रणविजय कुमार ने सभी नगर आयुक्तों, नगर परिषद और नगर पंचायतों के कार्यपालक पदाधिकारियों को पत्र जारी कर जनगणना कार्य निदेशालय के निर्देशों का सख्ती से पालन करने का आदेश दिया है. साथ ही, डेटा संकलन में लगे क्षेत्र पदाधिकारियों को आवश्यक प्रशासनिक सहयोग उपलब्ध कराने का भी सख्त निर्देश दिया गया है.
पहली बार भौतिक प्रपत्रों की जगह पूरी तरह डिजिटल मोड में होगा काम
इस बार की जनगणना में तकनीकी स्तर पर बड़ा बदलाव किया गया है. पिछली जनगणनाओं के विपरीत इस बार आंकड़ों का संकलन भौतिक अनुसूचियों (कागजी प्रपत्रों) के बजाय पूरी तरह डिजिटल माध्यम से किया जाएगा. इसके लिए विशेष रूप से मोबाइल ऐप और वेब पोर्टल तैयार किया गया है. क्षेत्र पदाधिकारी (एन्यूमरेटर) मोबाइल ऐप के माध्यम से गांव और शहर की बुनियादी सुविधाओं से संबंधित विवरण सीधे ऑनलाइन दर्ज करेंगे, जबकि चार्ज अधिकारी वेब पोर्टल के माध्यम से प्राप्त इन आंकड़ों का सत्यापन करेंगे.
सुविधाओं की जानकारी के लिए 31 दिसंबर 2025 होगी 'संदर्भ तिथि'
जनगणना कार्य निदेशालय के निर्देशानुसार, राज्य के सभी 38 जिलों में उपलब्ध नागरिक सुविधाओं से संबंधित जानकारी जुटाने के लिए 31 दिसंबर 2025 को संदर्भ तिथि (Reference Date) निर्धारित किया गया है. यानी इस तिथि तक उपलब्ध सुविधाओं के आधार पर ही डेटा दर्ज किया जाएगा. इस डिजिटल डेटा संकलन में शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, बैंकिंग, बिजली, और परिवहन सहित अन्य सभी महत्वपूर्ण बुनियादी नागरिक सुविधाओं से जुड़े आंकड़े बारीकी से शामिल किए जाएंगे.
डेटा संकलन के लिए कर्मियों को मिलेगा मानदेय और भत्ता
डिजिटल डेटा संकलन के इस महत्वपूर्ण कार्य के लिए क्षेत्र पदाधिकारियों के लिए मानदेय भी तय कर दिया गया है. जानकारी के अनुसार, क्षेत्र पदाधिकारियों को प्रति ग्राम/नगर 1,000 रुपये का मानदेय प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) के माध्यम से सीधे उनके खाते में दिया जाएगा. यदि किसी कर्मी को एक से अधिक ग्राम या नगर का कार्य आवंटित किया जाता है, तो निर्धारित मानदेय भी उसी अनुपात में बढ़ जाएगा. इसके अलावा, इस पूरी प्रक्रिया को समझने के लिए आयोजित होने वाले एक दिवसीय प्रशिक्षण में शामिल होने वाले कर्मियों को 600 रुपये का प्रशिक्षण भत्ता भी अलग से दिया जाएगा.
जनगणना डेटा संकलन की समय-सारणी (एक नजर में)
विभाग द्वारा इस पूरी प्रक्रिया को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए एक विस्तृत रूपरेखा तैयार की गई है:
- क्षेत्र कार्य (Field Work): 1 से 30 अगस्त 2026 तक
- चार्ज अधिकारियों द्वारा सत्यापन: 20 सितंबर 2026 तक
- निदेशालय द्वारा आंकड़ों का परीक्षण: 30 अक्टूबर 2026 तक
- DCHB भाग-ए के प्रकाशन लेखन को अंतिम रूप देना: 31 दिसंबर 2026 तक
