ग्रामीणों ने बताया कि ग्रामीण अजरुन वर्मा के साथ दर्जनों लोगों ने बीते 28 जनवरी को स्कूल पर पहुंच कर पोशाक राशि वितरण की जानकारी मांगी. जानकारी मांगने पर एचएम तिलमिला उठे. बीते दो फरवरी को शिक्षा विभाग के पदाधिकारियों, मुखिया एवं ग्रामीणों के साथ समझौता कराया गया था. लेकिन एचएम उदय चंद्र ने थानाध्यक्ष आवेदन देकर अजरुन वर्मा समेत प्रमोद कुमार साह, नीतीश कुमार वर्मा, चंदन साह, पुनीत कुमार, सुबेश कुमार के द्वारा सरकारी काम में बाधा पहुंचाने एवं मारपीट का मामला दर्ज कराया. शनिवार की रात ही अजरुन वर्मा को गांव से पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया. जिसके विरोध में ग्रामीणों में आक्रोश पनपने लगा.
सोमवार की सुबह 6 बजे से ही ग्रामीणों ने सड़क जाम कर दिया, जो 5 घंटे तक लगा रहा. तत्पश्चात बीडीओ राकेश कुमार स्कूल की स्थिति देखने गया तो स्कूल बंद पाया गया. एक भी कर्मी उपस्थित नहीं थे. बीडीओ द्वारा कार्रवाई किये जाने का आश्वासन दिये जाने के बाद जाम हटाया गया.
