Viral Video: प्रेमी संदूक से निकला, उम्र महज 17 साल, गांव वालों ने पकड़ा, देखिये उसके बाद क्या हुआ

Viral Video: बिहार के कटिहार जिले से बेहद हैरान करने वाला मामला सामने आया है. यहां एक प्रेमिका ने अपने प्रेमी को लोगों से बचाने के लिए संदूक में छिपा दिया. लेकिन उसे गांववालों ने उसे पकड़ लिया. वीडियो में देखिये उसके बाद क्या हुआ.

Viral Video: बिहार के कटिहार जिले का एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें कुछ लोग एक युवक की पिटाई कर रहे हैं. दरअसल यह पूरा मामला प्रेम प्रसंग से जुड़ा है. कटिहार में एक 17 वर्षीय नाबालिग लड़के का उसकी शादीशुदा बहन से प्रेम प्रसंग चल रहा था. लड़का उससे मिलने ससुराल चला आया. लड़की ने घरवालों से बचाने के लिए प्रेमी को संदूक में छिपा दिया था. दोनों को लगा कि वो सुरक्षित हैं लेकिन घरवालों को शक हुआ तो पूरे कमरे की तलाशी ली गई. घर के लोग जब कमरे की तलाशी ले रहे थे तब लड़की संदूक पर हाथ रख कर खड़ी थी. उस जगह से वो बिल्कुल भी नहीं हिल रही थी फिर उसे वहां से हटाकर संदूक खोला गया तो इसमें से उसका प्रेमी निकला. इसके बाद लोगों ने उसकी खूब पिटाई की. इस घटना पर परिजन ने बताया कि लड़का महज 17 साल का है और उसका शादीशुदा बहन सितारा खातून से प्रेम प्रसंग चल रहा था. सितारा एक बच्चे की मां है. घर के लोगों ने लड़के के पिता से उसे छोड़ने के लिए 1 लाख रुपये की डिमांड की है. मामले बिगड़ता देख बारसोई थाना अध्यक्ष हरेंद्र कुमार ने सब-इंस्पेक्टर अनिल कुमार के नेतृत्व में एक टीम गठित की है. पुलिस ने जांच के बाद बताया कि दोनों के बीच 6 महीने से प्रेम-प्रसंग चल रहा था. देखिये Video:

पढ़ें प्रभात खबर की प्रीमियम स्टोरी : History of Munda Tribes 7 : पड़हा राजा कैसे करते थे न्याय, कौन -कौन थे पदधारी और कब मिलती थी जिंदा गाड़ने की सजा

पढ़ें प्रभात खबर की प्रीमियम स्टोरी : Child Mental Health : बच्चे हो रहे हैं दबंग, रेप और आत्महत्या करने में भी नहीं करते संकोच, जानिए क्या है वजह

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >