बलिया बेलौन. सालमारी बाजार स्थित हजरत शाह एहसानुल हक मज्जुब बाबा उर्फ मस्तान बाबा का सालाना उर्स आगामी 10 से शुरू होकर 11 अप्रैल के शाम तक अकीदत के साथ मनाया जायेगा. इस अवसर पर अकीदतमंदों के बीच लंगर का वितरण के साथ समाप्त होगा. उर्स कमेटी के बदरूजजमा ने बताया कि मस्तान बाबा के मानने वाले बिहार बंगाल तक फैला हुआ है. प्रत्येक वर्ष उर्स के मौके पर हजारों अकीदतमंद मजार शरीफ में हाजरी देकर फातेहा खानी में शरीक होकर अपनी मनोकामना पूरी होने के लिए दुआ करते हैं. उर्स के मौके पर अकीदतमंदों की सुविधा के लिए कमेटी की ओर से बिजली, पानी, पंडाल के साथ साथ हर तरह की तैयारी की जाती है. सुरक्षा व्यवस्था के लिए स्थानीय भोलेंटियर तैनात रहते है. उन्होंने बताया की 10 अप्रैल के शाम में बादे नमाज मगरीब चादर पोसी, कुल शरीफ, फातेहा खानी के बाद महफिले शमा कव्वाली का आयोजन होगा. 11 अप्रैल को बाद नमाज फजर कुरआर खानी, कुल शरीफ के बाद फातेहा खानी, महफिले शमा कव्वाली का आयोजन किया जायेगा. शाम में अकीदतमंदों के बीच लंगर का वितरण किया जायेगा. उन्होंने बताया की मस्तान बाबा अपने जमाने वाली ए कामिल की हैसियत रखते थे. सालमारी में उनके बहुत से करामात को यहां के लोग आज भी याद करते हैं. उनके मजार शरीफ में जो भी सच्चे दिल से दुआ मांगते हैं. उनकी दुआ कबूल होती है.
सालमारी में मस्तान बाबा का उर्स 10 अप्रैल से, तैयारी जोरों पर
सालमारी बाजार स्थित हजरत शाह एहसानुल हक मज्जुब बाबा उर्फ मस्तान बाबा का सालाना उर्स आगामी 10 से शुरू होकर 11 अप्रैल के शाम तक अकीदत के साथ मनाया जायेगा
