चिलचिलाती धूप से मिली राहत, पर किसानों के अरमानों पर फिरा पानी
कटिहार जिले में बुधवार को लोग भीषण गर्मी से बेहाल थे, लेकिन देर रात अचानक मौसम का मिजाज बदल गया. रात भर रुक-रुक कर हुई झमाझम बारिश के कारण गुरुवार की सुबह मौसम बेहद सुहाना हो गया और अधिकतम तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई. हालांकि, इस सुहाने मौसम के पीछे किसानों का दर्द भी छिपा है. तेज आंधी और बारिश के कारण खेतों में खड़ी मक्के की तैयार फसल को भारी नुकसान पहुंचा है. दलन पूरब पंचायत के उपसरपंच रविशंकर श्रवणे ने बताया कि तेज हवाओं का वेग इतना अधिक था कि कई गरीब परिवारों के कच्चे घरों के टीन और एस्बेस्टस के छप्पर हवा में उड़ गए. इसके कारण कई लोग इस आपदा के बीच खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हो गए हैं. प्रभावित ग्रामीण परिवारों और किसानों ने स्थानीय प्रशासन से त्वरित जांच कर उचित मुआवजे की मांग की है.
नगर निगम के दावों की खुली पोल, सड़कों पर हुआ जलजमाव
ग्रामीण इलाकों के साथ-साथ कटिहार शहरी क्षेत्र में भी बारिश के बाद व्यवस्था की पोल खुल गई. रात भर हुई बारिश के कारण नगर निगम क्षेत्र की कई प्रमुख सड़कों और रिहायशी मोहल्लों में भारी जलजमाव (पानी का जमाव) हो गया. नाले जाम होने के कारण पानी सड़कों पर बहने लगा, जिससे सुबह के समय दफ्तर, स्कूल और बाजारों में आने-जाने वाले राहगीरों व वाहन चालकों को भारी फजीहत झेलनी पड़ी.
रात भर कटी रही बिजली, दिन में भी ट्रिपिंग से लोग बेहाल
आंधी-बारिश शुरू होते ही जिले की विद्युत आपूर्ति पूरी तरह चरमरा गई. बुधवार की रात आंधी आते ही जो बिजली गुल हुई, वह सुबह तक सुचारू नहीं हो सकी. गुरुवार को भी दिन भर बिजली की आंख-मिचौली का दौर बदस्तूर जारी रहा. हर आधे घंटे में 10 से 15 मिनट के लिए बिजली कटती रही. बार-बार हो रही हैवी ट्रिपिंग और लो-वोल्टेज के कारण स्थिति इतनी विकट हो गई कि घरों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में लगे इनवर्टर भी पूरी तरह जवाब दे गए, जिससे लोगों को पानी और उमस का सामना करना पड़ा.
शहरी क्षेत्र में बड़ा नुकसान नहीं, मरम्मत का काम जारी: सहायक अभियंता
इस पूरी अव्यवस्था और तकनीकी गड़बड़ी पर बिजली विभाग के सहायक अभियंता (विद्युत) आशुतोष कुमार ने स्थिति स्पष्ट की है. उन्होंने बताया कि आंधी और बारिश के कारण शहरी फीडर क्षेत्र में कोई बहुत बड़ा या गंभीर नुकसान नहीं हुआ है. हालांकि, मनिया क्षेत्र में एक बिजली का पोल (खंभा) गिर जाने के कारण कुछ समय के लिए आपूर्ति पूरी तरह बाधित रही थी, जिसे ठीक कर लिया गया है. इंजीनियर आशुतोष कुमार के अनुसार, इंडस्ट्रियल (औद्योगिक) इलाके में मुख्य 33 केवी की लाइन में तकनीकी खराबी के कारण शटडाउन लिया गया था और ओवरलोडिंग की वजह से फीडर बार-बार ट्रिप कर रहा था. विभाग की तकनीकी टीम लगातार पेट्रोलिंग कर रही है और मरम्मत का कार्य युद्धस्तर पर जारी है, ताकि जल्द ही निर्बाध बिजली आपूर्ति बहाल की जा सके.
कटिहार से सरोज कुमार की रिपोर्ट:
