प्रभात खबर आपके द्वार: खुले में शौच से मुक्ति का दावा साबित हो रहा खोखला

प्रभात खबर आपके द्वार: खुले में शौच से मुक्ति का दावा साबित हो रहा खोखला

– रेलवे लाइन के किनारे खुले में शौच को विवश हैं बैगना गांव के निवासी कटिहार नगर निगम क्षेत्र के वार्ड संख्या 24 अंतर्गत बैगना मुहल्ला है. शहर के दुर्गास्थान से डीएस कॉलेज मुख्य सड़क से एक सड़क रामपारा होते हुए मधेपुरा-बठेली की ओर एक पक्की सड़क जाती है. इसी सड़क के नहर के बाद व रेलवे गुमटी से पहले बैगना मुहल्ला है. यहां के लोगों को अभी तक बुनियादी सुविधा भी मयस्सर नहीं है. भले ही सरकार शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों को खुले में शौच से मुक्त करने का दावा कर रही हो. पर इस मुहल्ले के लोग आज भी रेलवे लाइन के समीप खुले में शौच करते है. ऐसा नहीं है कि यहां के लोग शौक या आदतन खुले में शौच करते हैं. बल्कि मजबूरी में लोग खुले में शौच करते है. इस मुहल्ले में किसी के घर में शौचालय नहीं है. इस मोहल्ले के लोग कई ज्वलंत समस्याओं से जूझते है. प्रभात खबर ने अपनी सामाजिक सरोकार की प्रतिबद्धता के तहत प्रभात खबर आपके द्वार कार्यक्रम की श्रृंखला में शनिवार को इसी मोहल्ले का सैर किया. मुहल्ले में जुटे लोगों ने अपनी-अपनी समस्याओं से रूबरू कराया. लोगों ने जिस तरह की समस्याएं प्रभात खबर आपके द्वार कार्यक्रम के तहत रखा. वह कोई बड़ी समस्या नहीं है. नगर निगम प्रशासन व जनप्रतिनिधि यहां के लोगों की समस्याओं का समाधान कर सकते है. कई ऐसी समस्याएं है, जो प्रशासनिक व जनप्रतिनिधि की उपेक्षा की वजह से उत्पन्न हुई है. मोहल्ले की नियमित साफ-सफाई नहीं होती है. नाला व सड़क नहीं है. हल्की बारिश में पानी गली व मोहल्ले में पसर जाता है. कचरा का कचड़ा का उठाव नहीं होता है. आंगनवाड़ी केंद्र में समुचित सुविधा बच्चों व महिलाओं को नहीं मिलती है. स्वास्थ्य सेवा नहीं है. लोगों को आवास योजना का लाभ नहीं मिल पाया है. हालांकि यहां के लोगों ने कहा कि शिवशंकर रमानी के प्रयास से नगर निगम की ओर स्ट्रीट लाइट लगाया है. मोहल्ले की समस्या की बात पर वह बिफर उठते है. वह बोलते है कि नगर निगम प्रशासन से लेकर विधायक व मुख्यमंत्री तक यहां की समस्याओं से अवगत कराया गया. पर जानबूझकर यहां की समस्याओं का समाधान नहीं किया जाता है. कई बार अधिकारी-कर्मचारी आते है. सब समस्या को लिखकर ले जाते है. पर अभी भी स्थिति जस की तस बनी हुई है. रेलव लाइन के किनारे शौच की विवशता फोटो 15 कैप्शन- बीना देवी स्थानीय महिला बीना देवी ने प्रभात खबर से बातचीत में कहा कि इस मुहल्ला की सबसे बड़ी समस्या शौचालय की है. शौचालय नहीं रहने की वजह से कई तरह की परेशानी झेलनी पड़ रही है. शौचालय नहीं रहने से सबसे अधिक समस्या महिलाएं व लड़कियों को होती है. घर की महिलाएं व बेटियां घर से बाहर शौच करने को विवश है. वे लोग के पास इतना पैसा नहीं है कि अपने से शौचालय बना लें. मेहनत मजदूरी करके सभी लोग किसी तरह अपना घर परिवार चला रहे है. प्रशासन चाहे तो सामुदायिक शौचालय भी बना सकती है. पर इस बुनियादी जरूरत को लेकर किसी तरह की पहल नहीं हुई है. अधिकांश समय जलजमाव के बीच जूझते है लोग फोटो 16 कैप्शन- लेलु मंडल स्थानीय निवासी लेलु मंडल ने कहा कि हम लोगों की बड़ी विडंबना है कि अधिकांश दिनों तक यहां के लोग जलजमाव से जूझते है. हल्की बारिश होने पर भी इस मोहल्ले में जलजमाव की समस्या उत्पन्न हो जाती है. मोहल्ले के लोग पानी व कीचड़ में ही किसी तरह आवाजाही करती है. कई बार स्थानीय जनप्रतिनिधि के साथ-साथ नगर निगम से जुड़े अधिकारियों व जिलाधिकारी को भी यहां की समस्याओं से अवगत कराया गया. पर अब तक कोई पहल नहीं हुई है. इस बार भी बारिश का डर अभी से लोगों में समाने लगा है. साथ ही अधिकारी आते है. सबकुछ लिखकर ले जाते है. पर अबतक समाधान नहीं हुआ है. शौच के लिए अंधेरा होने का करना पड़ता है इंतजार फोटो 17 कैप्शन- पिंकी देवी प्रभात खबर के साथ बातचीत में पिंकी देवी कहती है कि यहां एक भी घर में शौचालय नहीं है. पक्का आवास नहीं है. वर्षों से टीन का घर बना कर रहते है. शौचालय नहीं रहने की वजह से खासकर महिलाओं व बेटियों, बहु को अंधेरे में ही जगना पड़ता है. सूर्योदय से पहले ही अंधेरे में खुले में शौच करके घर लौटना पड़ता है. कई बार जन प्रतिनिधियों अधिकारियों को यहां की समस्याओं से अवगत कराएं है. लेकिन आज तक शौचालय नहीं बना. सिर्फ वोट मांगने नेता जी आते है. पर यहां की समस्याओं का समाधान नहीं करते है इस बार नेताजी को चुनाव में सबक सिखायेंगे. नाला नहीं होने गंदा पानी सड़क पर बह रहा फोटो 18 कैप्शन- रॉकी कुमार स्थानीय निवासी रॉकी कुमार ने कहा कि बारिश होने के बाद सबसे ज्यादा परेशानी यहां की महिलाओं एवं बच्चों को होती है. पानी से होकर ही घर आना जाना होता है. कई बार दिन प्रतिनिधि एवं अधिकारियों के यहां आवेदन भी दिया गया. पर अब तक सड़क निर्माण की दिशा में कोई पहल नहीं हुई. मोहल्ले में नाली की भी समस्या है. नाला नहीं रहने से स्थानीय लोगों को कई तरह की परेशानी झेलनी पड़ रही है. प्रभात खबर की इस मुहिम सड़क एवं नाला का निर्माण हो जाता है तो स्थानीय लोग हमेशा याद रखेंगे. इससे लोगों को एक बहुत बड़ी बुनियादी सुविधा उपलब्ध हो जायेगी. इस बार चुनाव भी होने वाला है. वोट मांगने जब नेता लोग आएंगे. तब उनसे सवाल करेंगे.

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By RAJKISHOR K

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