एकता चौक से पुराना चौक तक दुकानों पर रौनक 90 से 340 रुपये तक की रेंज में मिल रहा खजूर प्रतिनिधि, भभुआ सदर आम दिनों में भी लोग खजूर खाना पसंद करते हैं, लेकिन माह-ए-रमजान में इसकी अहमियत काफी बढ़ जाती है. यही कारण है कि रमजान के पाक महीने को लेकर शहर के बाजार में खजूर की आमद बढ़ गयी है. एकता चौक, सब्जी मंडी, पटेल चौक व पुराना चौक स्थित दुकानों पर अलग-अलग वैरायटी के खजूर सजाकर रखे गये हैं.दुकानदारों ने बताया कि रमजान शुरू होते ही खजूर की बिक्री तेज हो गयी है. रोजेदार इफ्तार के लिए विशेष रूप से खजूर की खरीदारी कर रहे हैं. खजूर खरीद रहे शाहिद ने बताया कि खजूर से रोजा खोलना सुन्नत माना जाता है. उनके अनुसार हजरत साहब ने भी खजूर से ही रोजा खोला था. खजूर दिनभर की थकान दूर कर शरीर को ऊर्जा प्रदान करता है.एकता चौक पर दुकान लगाने वाले फिरोज ने बताया कि रमजान केवल पांच वक्त की नमाज व रोजा रखने का महीना नहीं है, बल्कि यह भाईचारा, रहमत व आपसी सौहार्द का संदेश भी देता है. अखलासपुर निवासी एकराम अली ने कहा कि रोजा इंसान को गरीबों की तकलीफ का अहसास कराता है. रमजान को बरकतों का महीना इसी कारण माना जाता है.कई वर्षों से रमजान में खजूर मंगाने वाले असगर अली ने बताया कि इस बार 160 रुपये से 340 रुपये तक की रेंज में खजूर उपलब्ध है. 500 ग्राम पैकेट में डेट क्राउन 122 रुपये, हादिया 110 रुपये, किंग 100 रुपये, अरविना 130 रुपये, रॉयल 90 रुपये व पोप्स 105 रुपये में बेचा जा रहा है. वहीं लूज खजूर 200 रुपये प्रति किलो की दर से उपलब्ध है. रमजान को लेकर बाजार में रौनक बढ़ गयी है और खरीदारी जारी है.
रमजान में बढ़ी खजूर की मांग, बाजार में सजी कई वैरायटी
kaimur news.आम दिनों में भी लोग खजूर खाना पसंद करते हैं, लेकिन माह-ए-रमजान में इसकी अहमियत काफी बढ़ जाती है. यही कारण है कि रमजान के पाक महीने को लेकर शहर के बाजार में खजूर की आमद बढ़ गयी है.
