Kaimur News: कैमूर (भभुआ) जिले के नुआंव प्रखंड अंतर्गत दुमदुमा पंचायत में करीब 3 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे पंचायत सरकार भवन के निर्माण में भारी भ्रष्टाचार और घटिया सामग्री के इस्तेमाल की कलई खुल गई है. स्थिति यह है कि अभी भवन पंचायती राज विभाग को हैंडओवर भी नहीं हुआ है, लेकिन छत से पानी टपकने लगा है तथा दीवारों, फर्श और छत में 2 इंच तक चौड़ी दरारें पड़ गई हैं.
भवन का निर्माण स्थानीय क्षेत्र अभियंत्रण संगठन (LAEO) कार्य प्रमंडल, भभुआ द्वारा कराया जा रहा है. ₹3 करोड़ की स्वीकृत लागत में से ₹2.31 करोड़ का भुगतान भी संवेदक/एजेंसी को किया जा चुका है.
DDC दिव्य शक्ति की जांच में खुली पोल
बीते 15 जुलाई को समीक्षा बैठक के दौरान प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी (BPRO) द्वारा भवन निर्माण में भारी खामियों की शिकायत की गई थी. इसके बाद उप विकास आयुक्त (DDC) दिव्य शक्ति खुद स्थलीय निरीक्षण के लिए दुमदुमा पहुंचीं.
जांच के दौरान डीडीसी ने पाया कि मरम्मत कराए जाने के बावजूद दीवारों और छत में 1.5 से 2 इंच मोटी दरारें पड़ी हुई थीं. जब उन्होंने निर्माण स्थल पर पड़ी ईंटों की गुणवत्ता जांचने के लिए दो ईंटों को आपस में टकराया, तो ईंटें तुरंत टूटकर बिखर गईं. इससे स्पष्ट हुआ कि निर्माण में घटिया और मानक के विपरीत सामग्री का इस्तेमाल किया गया है.
छत पर जलजमाव से सीलन, दरार छुपाने की कोशिशें बेकार
निरीक्षण में यह भी सामने आया कि छत का ढाल सही न होने के कारण छत पर जगह-जगह पानी जमा हो रहा है, जिससे कमरों की दीवारों में भारी सीलन आ रही है. स्थानीय जनप्रतिनिधियों और मुखिया ने आरोप लगाया कि घटिया निर्माण के कारण बार-बार दरारें आ रही हैं. जब भी शिकायत की जाती है, तो कार्यकारी एजेंसी प्लास्टर कर दरारों को ढपने की कोशिश करती है, लेकिन कुछ ही दिनों में दरारें फिर से उभर आती हैं.
डीएम को सौंपी गई जांच रिपोर्ट, विभाग को कार्रवाई के निर्देश
उप विकास आयुक्त दिव्य शक्ति ने बताया कि जिलाधिकारी के निर्देश पर पंचायत सरकार भवनों के निर्माण की गुणवत्ता जांचने के लिए टीम गठित की गई है. दुमदुमा पंचायत सरकार भवन की जांच रिपोर्ट तैयार कर जिलाधिकारी (DM) को सौंप दी गई है, जिसे आगे की दंडात्मक एवं सुधारात्मक कार्रवाई के लिए निर्माण कराने वाली एजेंसी 'स्थानीय क्षेत्र अभियंत्रण संगठन' को भेज दिया गया है.
