भभुआ थाना क्षेत्र के रतवार गांव निवासी युवक दिलीप सिंह यादव की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में पुलिस ने एक व्यक्ति को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है. पुलिस ने हिरासत में लिये गये व्यक्ति से पूछताछ के बाद बुधवार को उसे कोर्ट के निर्देश पर न्यायिक हिरासत में भेजा. न्यायिक हिरासत में भेजे गये व्यक्ति की पहचान कोशडीहरा गांव निवासी योगेंद्र सिंह के रूप में हुई है.
भैंस चराने निकला था युवक
रतवार गांव निवासी महेंद्र सिंह यादव का इकलौता बेटा दिलीप सिंह यादव सोमवार को भैंस चराने के लिए घर से निकला था. वह कोशडीहरा सिवाना की ओर गया था. इसी दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में उसका शव कोशडीहरा गांव निवासी जोगेंद्र सिंह के चेंबर के समीप मिला.
खेत में काम कर रहा था पिता
मृतक के पिता ने प्राथमिकी में बताया कि सोमवार सुबह करीब 11 बजे दिलीप भैंस चराने के लिए मोहम्मदपुर सिवाना की ओर गया था. वहां विवादित जमीन परती पड़ी हुई है. दिलीप उसी इलाके में भैंस चरा रहा था, जबकि उसके पिता कुछ दूरी पर खेत में सोहनी कर रहे थे.
भैंस बिखरी तो बेटे की तलाश शुरू की
दोपहर करीब दो बजे महेंद्र सिंह ने भैंसों को इधर-उधर बिखरा देखा. इसके बाद वह भैंसों को एक जगह समेटने पहुंचे और अपने बेटे दिलीप को आवाज लगाने लगे. इसी दौरान कोशडीहरा निवासी जोगेंद्र सिंह ने उन्हें बताया कि एक युवक वहां मृत पड़ा हुआ है.
गर्दन में गमछा और नाक-मुंह से खून
सूचना मिलने पर महेंद्र सिंह मौके पर पहुंचे और शव की पहचान अपने बेटे दिलीप के रूप में की. प्राथमिकी के अनुसार, दिलीप की गर्दन में गमछा लगा हुआ था. वहीं उसके नाक और मुंह से खून निकल रहा था. मृतक का मोबाइल भी शव के पास पड़ा मिला था.
पुलिस कर रही मामले की जांच
युवक की संदिग्ध मौत के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की. इसी क्रम में एक व्यक्ति को हिरासत में लेकर पूछताछ की गयी. पूछताछ पूरी होने के बाद पुलिस ने योगेंद्र सिंह को बुधवार को न्यायिक हिरासत में भेज दिया. पुलिस अब मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है.
