Kaimur News : एनीमिया मुक्त भारत कार्यक्रम की तर्ज पर मंगलवार से कैमूर जिले में एनीमिया मुक्त बिहार अभियान की शुरुआत हो गयी. सदर अस्पताल के सीएस सभागार में आयोजित कार्यक्रम का उद्घाटन बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने वर्चुअल माध्यम से किया. अभियान के पहले दिन करीब 100 लाभार्थियों के हीमोग्लोबिन की जांच कर एनीमिया के स्तर का पता लगाया गया. जांच के बाद जरूरत के अनुसार लाभार्थियों को आयरन सिरप, आयरन टैबलेट और कैल्शियम की दवा भी उपलब्ध करायी गयी.
30 नवंबर तक चलेगा विशेष अभियान
जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी डॉ. आरके चौधरी ने बताया कि एनीमिया मुक्त बिहार अभियान 25 अगस्त से 30 नवंबर तक जिले में चलाया जायेगा. अभियान के तहत सदर अस्पताल के साथ-साथ प्रखंडों के सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर एनीमिया की जांच की व्यवस्था रहेगी. राज्य स्तर से प्रत्येक प्रखंड में प्रतिदिन 250 लोगों की जांच का लक्ष्य निर्धारित किया गया है.
आशा कार्यकर्ता करेंगी लोगों को जागरूक
अभियान को सफल बनाने में आशा कार्यकर्ताओं की भी महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी. आशा कार्यकर्ता क्षेत्र में लोगों को एनीमिया की जांच के लिए प्रेरित करेंगी और उन्हें नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र तक पहुंचाने में सहयोग करेंगी. जांच के बाद लाभार्थियों को आवश्यक उपचार और दवाएं उपलब्ध करायी जाएंगी.
जांच के बाद पोर्टल पर दर्ज होगा पूरा रिकॉर्ड
सिविल सर्जन चंदेश्वरी रजक ने एनीमिया की जांच कराने वाले लाभार्थियों को प्रमाण पत्र प्रदान किया. उन्होंने बताया कि जांच के बाद प्रत्येक लाभार्थी का विवरण एनीमिया मुक्त पोर्टल पर दर्ज किया जायेगा. इससे जांच और उपचार से संबंधित रिकॉर्ड को व्यवस्थित तरीके से रखा जा सकेगा.
स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्रों पर भी होगी जांच
सिविल सर्जन ने बताया कि विशेष अभियान को आंगनबाड़ी केंद्रों और विद्यालयों तक भी पहुंचाया जायेगा. अभियान के दौरान नौ वर्ष के बच्चों, 10 से 19 वर्ष के किशोर-किशोरियों, प्रजनन आयु वर्ग की महिलाओं, गर्भवती एवं धातृ महिलाओं के साथ पुरुषों और अन्य पात्र लोगों की भी एनीमिया जांच की जायेगी.
पहले दिन भभुआ और मोहनिया में हुआ आयोजन
एनीमिया मुक्त बिहार अभियान के पहले दिन मंगलवार को सदर अस्पताल भभुआ और अनुमंडलीय अस्पताल मोहनिया में कार्यक्रम आयोजित किया गया. स्वास्थ्य विभाग का लक्ष्य अधिक से अधिक लोगों की जांच कर एनीमिया की पहचान करना और जरूरतमंद लाभार्थियों को समय पर उपचार उपलब्ध कराना है.
