भभुआ : सरकार के निर्देश पर जिले के 255 राजकीय नलकूपों के संचालन का जिम्मा अब विभिन्न पंचायतों को दे दिया गया है. इनके रखरखाव के मद में लघु सिंचाई विभाग द्वारा एक करोड़ छह लाख रुपये की राशि भी ग्राम पंचायतों को दे दी गयी है. लेकिन, अब भी 76 राजकीय नलकूप विभिन्न कारणों से ग्राम पंचायतों को नहीं सौंपे गये हैं.
सरकार के निर्देश पर किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए जिले में लघु सिंचाई विभाग द्वारा संचालित राजकीय नलकूपों को सौंपने की प्रक्रिया में जिले में 255 राजकीय नलकूपों को ग्राम पंचायतों को संचालन के लिए दे दिया गया है.
ग्राम पंचायतें इन नलकूपों का रखरखाव व ऑपरेटर खर्च आदि की व्यवस्था के साथ सुचारु रूप से संचालन की जिम्मेदारी भी वहन करेंगे. इस संबंध में लघु सिंचाई विभाग के कार्यपालक अभियंता अजय कुमार ने बताया कि जिले में राजकीय नलकूपों की संख्या कुल 346 है.
इसमें से अब तक 255 नलकूपों के संचालन की जिम्मेदारी पंचायतों के जिम्मे लगाते हुए उन्हें रखरखाव के मद में एक करोड़ छह लाख रुपये की राशि भी दे दी गयी है. उन्होंने बताया कि शेष 91 राजकीय नलकूपों को ग्राम पंचायतों को सौंपने की प्रक्रिया जारी है. मुखिया लोगों द्वारा एकरारनामा पर हस्ताक्षर करते ही ये नलकूप भी ग्राम पंचायतों को हस्तानांतरित कर दिये जायेंगे.
मरम्मत के अभाव में 15 नलकूप खराब
जिले के कुल राजकीय नलकूपों में से 15 नलकूप विगत कुछ वर्षों से विशेष मरम्मत के अभाव में खराब चल रहे हैं. जानकारी देते हुए लघु सिंचाई विभाग के कार्यपालक अभियंता ने बताया कि विशेष मरम्मत के अभाव में बंद चल रहे नलकूपों के लिए सरकार ने अभी मार्च माह में ही पूरे बिहार के लिए 150 करोड़ रुपये का आवंटन स्वीकृत किया है.
इसमें कैमूर का आवंटन दो करोड़ 64 लाख 86 हजार रुपये स्वीकृत है. उन्होंने बताया कि उक्त राशि से शीघ्र ही खराब चल रहे 15 नलकूपों की भी विशेष मरम्मत करा के पंचायतों को सौंप दिया जायेगा.अब शहरी क्षेत्र में नगर पंचायतों की सीमा में पड़नेवाले राजकीय नलकूपों को भी पंचायतों को सौंपने का नया निर्देश सरकार स्तर से जारी किया गया है.
इसे लेकर लघु संसाधन विभाग के प्रधान सचिव द्वारा सभी जिलाधिकारियों को पत्र लिखा गया है. गौरतलब है कि सरकार के पूर्व के निर्देश के बाद कुछ जिलाधिकारियों द्वारा सरकार का ध्यान इस ओर आकृष्ट कराया गया था कि नगर पंचायतों के शहरी क्षेत्र में पड़ने वाले नलकूप किसे सौंपे जाएं.
इधर इस संबंध में कार्यपालक अभियंता ने बताया कि जिले में मात्र तीन ही नलकूप ऐसे हैं, जो नगर पंचायत मोहनिया के शहरी क्षेत्र के अंतर्गत आते हैं. उन्होंने बताया कि सरकार के नये निर्देश के आलोक में अब इन तीन राजकीय नलकूपों को भी संचालन के लिए नगर पंचायत के बजाये समीपवर्ती ग्राम पंचायत को सौंप दिया जायेगा.
