पंचायत स्तर से लेकर प्रशासन ने नहीं की महादलित टोले तक का रास्ता बनाने की पहल
कुदरा : देवराढ़ गांव का महादलित टोला का मुख्य रास्ता बदहाली के कगार पर है. आजादी के कई दशक बाद भी उक्त महादलित(मुसहर) टोले का रास्ता नहीं बन सका है. पंचायत स्तर से लेकर प्रशासन तक, किसी ने भी उक्त बदहाल रास्ते को बनाने की पहल नहीं की, जिससे उक्त टोले के लोग कीचड़ भरे रास्ते से आने-जाने को विवश हैं. हाल यह है कि सरकार द्वारा चलाये गये योजनाओं का असर इस टोले में नहीं दिखता है.
पंचायत प्रतिनिधियों के उपेक्षित रवैये से उक्त टोला का रास्ता बदहाल है. गौरतलब है कि आये- दिन इस रास्ते आने-जाने के दौरान महिलाएं व बच्चे गिर कर चोटिल हो जाते हैं. ग्रामीण सुखु मुसहर ने बताया कि अनपढ़ व गरीबों का सुनने वाला कोई नहीं है. अगर, इस टोला में अमीर लोग रहते, तो अब तक पक्का रास्ता बन गया होता. महादलितों के यहां नेता चुनाव में वोट मांगने आते है.
लेकिन महादलितों की समस्या दूर करने के लिए कोई नहीं आता. पंचायत के मुखिया भी रास्ता निर्माण में कोई रुचि नहीं लेते, जिससे उक्त टोला के लोग बदहाली का दंश झेलने को विवश है. इस संबंध में बीडीओ कनिष्क कुमार सिंह ने बताया कि महादलित टोला के रास्ते के खराब होने की उनको जानकारी नहीं है. उन्होंने कहा कि बरसात बाद पंचायत स्तर से रास्ता निर्माण कराया जायेगा.
