आर्थिक गणना के आधार पर तय होती है आर्थिक नीति

जहानाबाद नगर : आर्थिक गणना को लेकर सांख्यिकी विभाग में बैठक हुई. बैठक में जिला सांख्यिकी पदाधिकारी प्रियदर्शी अमरेश ने बताया कि देश की अार्थिक नीति तय करने में आर्थिक जनगणना का खास महत्व है. गणना के दौरान एकत्रित किये गये डाटा से देश की आर्थिक नीति तय होती है. गणना के डाटा के आधार […]

जहानाबाद नगर : आर्थिक गणना को लेकर सांख्यिकी विभाग में बैठक हुई. बैठक में जिला सांख्यिकी पदाधिकारी प्रियदर्शी अमरेश ने बताया कि देश की अार्थिक नीति तय करने में आर्थिक जनगणना का खास महत्व है. गणना के दौरान एकत्रित किये गये डाटा से देश की आर्थिक नीति तय होती है.

गणना के डाटा के आधार पर देश के आमलोगों के लिए सरकार योजनाएं बनाती हैं. ऐसे में आर्थिक गणना का काम काफी बारीक ढंग से नियमानुसार किया जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि डाटा संग्रह के क्रम में आंकड़े सही ढंग से एकत्रित किये जाना चाहिए.
सातवीं आर्थिक गणना 2019 के लिए पहली बार मोबाइल एप का उपयोग किया जायेगा और बीएमई द्वारा घर-घर जाकर लोगों से जानकारी प्राप्त कर उसे एप में अपलोड किया जायेगा. पहली बार सीएससी को आर्थिक गणना का दायित्व दिया गया है. पहली बार इसमें कृषि आधारित उद्योग एवं व्यवसाय हो भी शामिल किया गया है. बैठक में भारत सरकार के प्रतिनिधि कुमार केशव, प्रखंड सांख्यिकी पर्यवेक्षक अनिल कुमार सिंहा, ज्योति प्रकाश, प्रखंड कृषि पदाधिकारी जयराम सिन्हा, सीएससी जिला प्रबंधक राजीव शर्मा आदि शामिल थे.

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