जमुई से पंकज कुमार सिंह की रिपोर्ट
Patna High Court : जमुई जिले के चकाई प्रखंड की रामचंद्रडीह पंचायत अंतर्गत भगोन गांव में मंगलवार को पटना हाईकोर्ट के आदेश के अनुपालन में प्रशासन ने 27 वर्ष पूर्व विधायक मद से निर्मित कर्मशाला का आधा हिस्सा जेसीबी से हटवा दिया. भूमि मापी के बाद निजी भूमि पर बने हिस्से को हटाया गया, जबकि शेष भवन को सुरक्षित रखा गया. कार्रवाई के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे और मतदान केंद्र को यथावत बनाए रखने की मांग करते रहे.
निजी भूमि पर बने हिस्से पर हुई कार्रवाई
जानकारी के अनुसार गांव निवासी संतोष कुमार सुमन और शंभू कुमार सुमन ने पटना हाईकोर्ट में याचिका दायर कर अपने घर के सामने स्थित एक डिसमिल निजी भूमि पर बने जर्जर कर्मशाला को हटाने की मांग की थी. न्यायालय के निर्देश के बाद जिलाधिकारी ने जांच कर आवश्यक कार्रवाई का आदेश दिया.इसके बाद बीडीओ मनीष आनंद, अंचल अधिकारी राजकिशोर साह, राजस्व अधिकारी वेद प्रकाश, अंचल अमीन अर्जुन रविदास तथा चकाई थाना के पुलिस पदाधिकारी गौतम पासवान पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे. प्रशासन द्वारा कराई गई मापी में कर्मशाला कुल दो डिसमिल भूमि पर बनी पाई गई, जिसमें एक डिसमिल निजी और एक डिसमिल गैरमजरूआ भूमि शामिल है. इसके बाद निजी भूमि पर बने आधे हिस्से को जेसीबी से हटाया गया.
मतदान केंद्र बनाए रखने की मांग
Patna High Court : कार्रवाई के दौरान ग्रामीणों ने प्रशासन से कर्मशाला को पूरी तरह नहीं हटाने की अपील की. ग्रामीणों का कहना था कि पिछले करीब 25 वर्षों से इसी भवन में मतदान केंद्र संचालित होता रहा है. सड़क किनारे स्थित होने के कारण यहां मतदाताओं को आने-जाने में सुविधा मिलती है. यदि मतदान केंद्र किसी अन्य स्थान पर स्थानांतरित किया गया तो ग्रामीणों को काफी परेशानी होगी.
प्रशासन ने दिया भरोसा
अंचल अधिकारी राजकिशोर साह ने बताया कि कार्रवाई पूरी तरह हाईकोर्ट के आदेश के अनुरूप की गई है. उन्होंने कहा कि केवल निजी भूमि पर बने हिस्से को हटाया गया है, जबकि गैरमजरूआ भूमि पर बना शेष भाग सुरक्षित रखा गया है. भविष्य में आवश्यकता पड़ने पर उसी स्थान पर मतदान केंद्र का संचालन किया जा सकता है.
