जमुई से अर्जुन अरनव की रिपोर्ट :
जिले में बढ़ती गर्मी का असर अब लोगों की सेहत पर साफ दिखने लगा है. सदर अस्पताल समेत जिले के पीएचसी, सीएचसी और रेफरल अस्पतालों में मौसमी बीमारियों से पीड़ित मरीजों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है. खासकर उल्टी, दस्त, बुखार, खांसी और सिरदर्द जैसी समस्याओं को लेकर बड़ी संख्या में लोग अस्पताल पहुंच रहे हैं. सदर अस्पताल के इमरजेंसी कक्ष और ओपीडी में इन दिनों मरीजों की भीड़ बढ़ गई है. डॉक्टरों के अनुसार बढ़ते गर्मी के कारण लोग तेजी से बीमार पड़ रहे हैं.इमरजेंसी में दो दर्जन से अधिक मरीज भर्ती
बीते रविवार रात से सोमवार की सुबह तक सदर अस्पताल के इमरजेंसी कक्ष में उल्टी-दस्त और बुखार से पीड़ित दो दर्जन से अधिक मरीजों को भर्ती कराया गया. इनमें खैरा प्रखंड के पनभरवा गांव निवासी राजेश कुमार, नगर परिषद क्षेत्र के शास्त्री कॉलोनी निवासी बालदेव कुमार यादव, फुलवंती देवी और राधा कुमार शामिल हैं, जिन्हें उल्टी, पेट दर्द, बुखार और दस्त की शिकायत के बाद भर्ती किया गया. इमरजेंसी में ड्यूटी पर डॉ मृत्युंजय कुमार ने बताया कि इन दिनों गर्मी और शादी-विवाह के सीजन में खान-पान कारण पेट संबंधी समस्याएं, बुखार, खांसी और सिरदर्द के मरीज तेजी से बढ़ रहे हैं. उन्होंने लोगों को सतर्क रहने की सलाह देते हुए कहा कि गर्मी में खानपान और दिनचर्या पर विशेष ध्यान देना जरूरी है. डॉ कुमार ने लोगों को तैलीय और मसालेदार भोजन से परहेज करने, अधिक मात्रा में पानी पीने, ताजे व रसीले फलों का सेवन करने की सलाह दी. साथ ही सुबह 10 बजे के बाद तेज धूप में बाहर न निकलने और खाली पेट न रहने की भी हिदायत दी. उन्होंने कहा कि पर्याप्त पानी और पेय पदार्थों का सेवन नहीं करने पर घर में रहने वाले लोग भी बीमार पड़ सकते हैं.
मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग भी सतर्क हो गया है और अस्पतालों में आवश्यक दवाओं व चिकित्सकीय व्यवस्था को दुरुस्त करने में जुटा है.