प्रसिद्ध शक्तिपीठ मां नेतुला महारानी की पावन धरती के कुमार गांव निवासी मनीष कुमार को योग, आयुर्वेद, अध्यात्म एवं समाजसेवा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए योग रत्न सम्मान से सम्मानित किया गया. रविवार को पटना स्थित बिहार विधान परिषद सभागार में भारत स्वाभिमान न्यास, बिहार दक्षिण की ओर से आयोजित सम्मान समारोह में उन्हें यह सम्मान प्रदान किया गया.
राज्य प्रभारी सुनील स्वाभिमानी की अनुशंसा पर मुख्य केंद्रीय प्रभारी भाई राकेश ने मनीष कुमार को प्रशस्ति-पत्र, मोमेंटो, अंगवस्त्र एवं अन्य सामग्री भेंट कर सम्मानित किया. सम्मान समारोह के दौरान योग और आयुर्वेद के क्षेत्र में बेहतर कार्य करने वाले लोगों के योगदान को रेखांकित किया गया.
योग और स्वास्थ्य जागरूकता के लिए किया काम
मनीष कुमार को यह सम्मान लखीसराय सहित आसपास के क्षेत्रों में योग एवं आयुर्वेद के प्रचार-प्रसार, स्वास्थ्य जागरूकता, अध्यात्म और समाजसेवा के क्षेत्र में लगातार किये जा रहे कार्यों के लिए दिया गया. योग के माध्यम से लोगों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करने के साथ उन्होंने आयुर्वेद और स्वास्थ्य जागरूकता से जुड़े कार्यों में भी सक्रिय भूमिका निभायी है.
सम्मान मिलने के बाद मनीष कुमार ने संगठन के पदाधिकारियों, योग शिक्षकों एवं कार्यकर्ताओं के प्रति आभार जताया. उन्होंने अपनी उपलब्धि का श्रेय माता-पिता, परिवार, गांव-समाज, मित्रों और शुभचिंतकों को देते हुए कहा कि सभी के सहयोग और प्रोत्साहन से उन्हें सामाजिक एवं जनहित के कार्यों को आगे बढ़ाने की प्रेरणा मिलती रही है.
‘कुमार दर्शनम’ का प्रतीक चिह्न किया भेंट
समारोह के दौरान मनीष कुमार ने कुमारधाम की आध्यात्मिक पहचान को लोगों तक पहुंचाने के उद्देश्य से ‘कुमार दर्शनम’ का प्रतीक चिह्न मुख्य केंद्रीय प्रभारी भाई राकेश को भेंट किया. उन्होंने कहा कि क्षेत्र की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक पहचान को व्यापक स्तर पर सामने लाने के लिए भी प्रयास जारी रहना चाहिए.
क्षेत्र के लोगों ने दी बधाई
मनीष कुमार को योग रत्न सम्मान मिलने पर क्षेत्र में खुशी का माहौल है. सिकंदरा व्यापार मंडल अध्यक्ष हरदेव सिंह, मां नेतुला मंदिर न्यास के उपाध्यक्ष अरविंद सिंह, सचिव अनुज सिंह, कोषाध्यक्ष उमाशंकर सिंह, मंदिर सदस्य शशांक सिंह, रॉकी कुमार, शिव शंकर सिंह, राजो सिंह, मनोरंजन कुमार, सरपंच मनोज सिंह सहित क्षेत्र के कई लोगों ने उन्हें बधाई दी.
लोगों ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र से जुड़े व्यक्ति का योग, आयुर्वेद, अध्यात्म और समाजसेवा के क्षेत्र में जिला और राज्य स्तर पर पहचान बनाना क्षेत्र के लिए गौरव की बात है. सम्मान से सामाजिक कार्यों में जुटे युवाओं को भी आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलेगी.
