जमुई. जन्माष्टमी के पावन अवसर पर शहर स्थित खाटू श्याम मंदिर में श्रीकृष्ण जन्मोत्सव धूमधाम और भक्तिमय वातावरण में मनाया गया. भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव को लेकर सुबह से ही मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया, जो देर रात तक जारी रहा. सैकड़ों श्रद्धालुओं ने मंदिर पहुंचकर भगवान के दर्शन किए और विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर सुख, शांति एवं समृद्धि की कामना की. जन्माष्टमी को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला. इस दौरान बड़ी संख्या में अभिभावक अपने छोटे-छोटे बच्चों को कान्हा और राधा के मनमोहक रूप में सजाकर मंदिर लेकर पहुंचे. नन्हे कान्हा पीतांबर, मुकुट और बांसुरी के साथ बेहद आकर्षक नजर आए, वहीं राधा के रूप में सजी बच्चियों ने भी श्रद्धालुओं का ध्यान अपनी ओर खींचा. बच्चों की मनमोहक वेशभूषा और मंदिर परिसर में गूंजते भक्ति गीतों ने जन्माष्टमी के उत्सव में चार चांद लगा दिए. भजन-कीर्तन से देर रात तक कृष्णमय रहा माहौल श्रीकृष्ण जन्मोत्सव के अवसर पर मंदिर परिसर में भक्ति जागरण का आयोजन किया गया. भजन-कीर्तन और धार्मिक गीतों की प्रस्तुति से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा. श्रद्धालु देर रात तक भक्ति गीतों पर झूमते और भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति में लीन नजर आए. जैसे-जैसे श्रीकृष्ण के जन्म का समय नजदीक आया, श्रद्धालुओं का उत्साह और बढ़ता गया. भगवान श्रीकृष्ण के जन्म के समय मंदिर परिसर में विशेष पूजा-अर्चना की गई. इसके बाद श्रद्धालुओं ने भगवान श्रीकृष्ण और खाटू श्याम के जयकारे लगाए, जिससे पूरा मंदिर परिसर भक्तिमय जयघोष से गूंज उठा. इस आयोजन को सफल बनाने में अनूप बंका, विक्रम भालोटिया और नवल भालोटिया सहित मंदिर के अन्य सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही.
खाटू श्याम मंदिर में प्रत्येक वर्ष होता है आयोजन
मंदिर समिति के सदस्यों ने बताया कि खाटू श्याम मंदिर में प्रत्येक वर्ष जन्माष्टमी का पर्व श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया जाता है. इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर पहुंचते हैं और भक्ति जागरण का आयोजन भी किया जाता है. उन्होंने बताया कि श्रद्धालुओं की सुविधा को लेकर मंदिर समिति की ओर से पूजा-अर्चना सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं की गई थीं. जन्माष्टमी के अवसर पर मंदिर में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ और नन्हे कान्हा-राधा के आकर्षक रूप ने पूरे आयोजन को यादगार बना दिया. देर रात तक मंदिर परिसर में आस्था, भक्ति और उल्लास का माहौल बना रहा.
