जमुई से पंकज सिंह की रिपोर्ट :
पीडरौन पंचायत में संचालित मनरेगा योजना पर फर्जीवाड़े के गंभीर आरोप लगे हैं. पंचायत के वार्ड संख्या तीन के वार्ड सदस्य केशर दास ने जिलाधिकारी के जनता दरबार में आवेदन देकर मामले की जांच कराने की मांग की है.दूसरे राज्यों में रहने वाले मजदूरों के नाम पर हाजिरी का आरोप
दिए गए आवेदन में आरोप लगाया गया है कि जिन मजदूरों के नाम से मनरेगा में डिमांड और हाजिरी बनाई जा रही है, वे सभी दूसरे राज्यों में रहकर मजदूरी कर रहे हैं.आरोप के अनुसार, धीरज कुमार, उत्तम कुमार, गोलू कुमार, ललन कुमार, सुबास दास, अनिल दास, गणेश दास, बद्री दास, रेवा दास, गोपाल दास, सुशील दास, रोहित दास, धर्मेंद्र दास, विकास कुमार, मुरारी दास, पिंटू दास और उमेश दास समेत कई मजदूरों के नाम से छह मई से लगातार हाजिरी बनायी जा रही है.लत्ता गांव के मजदूर, ठाड़ी गांव में चल रही योजना
वार्ड सदस्य केशर दास ने बताया कि जिन मजदूरों के नाम पर हाजिरी लगाई जा रही है, वे सभी लत्ता गांव के निवासी हैं. जबकि जिस मनरेगा योजना में डिमांड डाला गया है, वह ठाड़ी गांव में संचालित हो रही है.उन्होंने कहा कि दोनों गांवों के बीच करीब सात से आठ किलोमीटर की दूरी है. ऐसे में दूसरे राज्यों में रह रहे मजदूरों की उपस्थिति दर्ज होना कई सवाल खड़े करता है.
अधिकारियों को भी दी गयी सूचना
वार्ड सदस्य ने बताया कि मामले की जानकारी कार्यक्रम पदाधिकारी और संबंधित अधिकारियों को भी दी गई है. उन्होंने जितेंद्र कुमार और डीडीसी को भी इस संबंध में अवगत कराया है.जांच के बाद होगी कार्रवाई
मामले को लेकर जितेंद्र कुमार ने कहा कि शिकायत डाक के माध्यम से प्राप्त हुई है. उन्होंने बताया कि पूरे मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी.
