बिहार में भारत-नेपाल सीमा सील, जोगबनी में केवल इन लोगों को मिल रही प्रवेश की अनुमति, जानें वजह…

Indo-Nepal Border: बिहार में निकाय चुनाव को देखते हुए अररिया से जुड़े भारत-नेपाल सीमाएं सील कर दी गयी हैं. जिसके बाद अब दोनों तरफ के लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. जानिये किन्हें भारत आने की इजाजत दी जा रही है.

Indo-Nepal Border: बिहार में 18 दिसंबर को होने वाले निकाय चुनाव को लेकर 72 घंटे पूर्व भारत-नेपाल सीमाएं सील कर दी गयी हैं. वहीं पूर्व सूचना के बिना अचानक शुक्रवार की सुबह सीमाएं सील होने से लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा. जबकि अब निकाय चुनाव को देखते हुए सीमा पर सख्ती और अधिक बढ़ा दी गयी है. सीमा पर पाबंदी सशर्त लागू की गयी है. कुछ मामलों में लोगों को आने-जाने की भी अनुमति दी जाएगी.

नेपाल के स्कूलों में पढ़ने भी जाते हैं बच्चे

ज्ञात हो कि बिहार सहित झारखंड व बंगाल के दूर-दराज से लोग सस्ती दरों पर आंख का इलाज व ऑपरेशन कराने नेपाल आते है. वहीं अचानक से बिना पूर्व सूचना के सीमा सील होने से सैकड़ो लोगो को परेशानी का सामना करना पड़ा. वहीं प्रतिदिन नेपाल से भी हजारों की संख्या में लोग भारतीय बाजार में खरीदारी करने आते हैं, उन्हें भी सीमा सील होने से परेशानी उठानी पड़ी. यही हाल स्कूली बच्चों का भी रहा. सनद रहे कि बहुत सारे भारतीय बच्चे नेपाल में चल रहे डीएवी व डीपीएस स्कूलों में पढ़ने जाते है.

किन लोगों को मिलेगी भारत आने की इजाजत

हालांकि भारत व नेपाल दोनो देशों की सीमाओं में लगे जवानों ने लोगों को कतारबद्ध होकर शुक्रवार को एक दूसरे देश आने-जाने की इजाजत दिया. हालांकि उन्होंने साफ कर दिया कि शनिवार से आने जाने वाले लोगों को किसी भी प्रकार की रियायत नही दी जायेगी. वहीं एसएसबी के अधिकारी ने कहा कि सिर्फ उन्हीं लोगों को नेपाल से भारत आने की इजाजत दी जायेगी, जिनके पास वैद्य यात्रा टिकट होगी.

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क्या कहते हैं एसडीओ

फारबिसगंज एसडीओ सुरेंद्र कुमार अलबेला ने बताया कि स्वच्छ व निष्पक्ष चुनाव को देखते हुए 72 घंटे पूर्व सीमा को सील किया गया है. सीमा पर एसएसबी की तैनाती रहेगी. साथ ही असामाजिक तत्वों पर नजर बनाये रखने के लिये अतिरिक्त पुलिस बल की भी तैनाती रहेगी. ताकि किसी भी तरह की गड़बड़ी नहीं रहे.

Posted By: Thakur Shaktilochan

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