Hajipur News: (कैफ अहमद) वैशाली जिले में किसानों के लिए उर्वरक वितरण व्यवस्था अब पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी होने जा रही है. 15 जून 2026 से जिले में फर्टिलाइजर सेल्स एप्लीकेशन सिस्टम (FSAS) के माध्यम से QR कोड आधारित ऑनलाइन उर्वरक बुकिंग एवं वितरण प्रणाली लागू की जा रही है. नई व्यवस्था के तहत किसानों को उनकी भूमि और फसल की आवश्यकता के अनुसार अनुशंसित मात्रा में खाद उपलब्ध कराई जाएगी.
बिहार के दो जिलों में शुरू हुआ पायलट प्रोजेक्ट
बिहार सरकार ने इस नई डिजिटल व्यवस्था के पायलट प्रोजेक्ट के लिए पूरे राज्य में केवल वैशाली और शेखपुरा जिले का चयन किया है. कृषि विभाग ने इसके सफल संचालन के लिए अधिकारियों, कर्मियों और खुदरा उर्वरक विक्रेताओं को प्रशिक्षण दिया है. साथ ही किसान चौपाल, खरीफ कर्मशाला और सोशल मीडिया के माध्यम से व्यापक जागरूकता अभियान भी चलाया गया है.
आधार या फार्मर आईडी से होगी ऑनलाइन बुकिंग
जिन किसानों का फार्मर रजिस्ट्री आईडी बना हुआ है, वे आधार संख्या या फार्मर आईडी के माध्यम से फर्टिलाइजर बुकिंग ऐप में लॉगिन कर ऑनलाइन बुकिंग कर सकेंगे. सफल बुकिंग के बाद उन्हें QR कोड और बुकिंग आईडी जारी की जाएगी.
तीन दिनों के भीतर विक्रेता से मिलेगी खाद
बुकिंग के बाद किसान तीन दिनों के भीतर संबंधित उर्वरक विक्रेता के पास QR कोड या बुकिंग आईडी दिखाकर खाद प्राप्त कर सकेंगे. किसान स्वयं या अपने अधिकृत प्रतिनिधि के माध्यम से भी उर्वरक का उठाव कर सकते हैं.
बटाईदार किसानों के लिए भी सुविधा
नई व्यवस्था में उन किसानों को भी शामिल किया गया है जिनका फार्मर आईडी अभी नहीं बना है या जो बटाई पर खेती करते हैं. पूर्वजों, मठ-मंदिर या संस्थागत भूमि पर खेती करने वाले किसान भी निर्धारित प्रक्रिया के तहत उर्वरक खरीद सकेंगे.
गूगल प्ले स्टोर पर उपलब्ध है बुकिंग ऐप
फर्टिलाइजर बुकिंग ऐप गूगल प्ले स्टोर पर उपलब्ध है. किसान इसमें अपनी भूमि और फसल का विवरण दर्ज कर आवश्यक उर्वरक, उसकी मात्रा और निकटतम अधिकृत विक्रेता का चयन करके आसानी से ऑनलाइन बुकिंग कर सकते हैं.
इसे भी पढ़ें: औरंगाबाद में पारा स्पोर्ट्स ट्रेनिंग सेंटर का आज उद्घाटन, जानें क्या होंगी सुविधाएं
