Gopalganj sadar hospital: मॉडल सदर अस्पताल में नवजात बच्चों के इलाज की सुविधा को और बेहतर किया गया है. अस्पताल में संचालित 10 बेड के एसएनसीयू को नये भवन के फर्स्ट फ्लोर में 17 बेड की क्षमता वाले वार्ड में शिफ्ट किया जा रहा है. बेड की संख्या बढ़ने से गंभीर नवजात बच्चों को भर्ती कर इलाज करने में अस्पताल प्रबंधन को सहूलियत होगी.
10 से बढ़कर 17 बेड की हुई क्षमता
एसएनसीयू की इंचार्ज सांध्य ने बताया कि पहले एसएनसीयू में 10 बेड की व्यवस्था थी. अब इसे नये भवन के फर्स्ट फ्लोर में 17 बेड के वार्ड में शिफ्ट किया गया है. इससे इलाज के लिए आने वाले नवजात बच्चों को पहले की अपेक्षा अधिक सुविधा उपलब्ध होगी. साथ ही एक समय में अधिक बच्चों को भर्ती कर इलाज किया जा सकेगा.
गंभीर नवजातों को समय पर मिल सकेगा इलाज
एसएनसीयू में जन्म के बाद सांस लेने में परेशानी, कम वजन, संक्रमण और अन्य गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे नवजात बच्चों को चिकित्सकीय निगरानी में रखा जाता है. नये वार्ड में अतिरिक्त बेड उपलब्ध होने से ऐसे बच्चों के इलाज की क्षमता बढ़ेगी. गंभीर नवजातों को समय पर भर्ती कर इलाज उपलब्ध कराने में भी इससे मदद मिलेगी.
शिफ्ट करने की प्रक्रिया चल रही
सदर अस्पताल के प्रबंधक जान मोहम्मद ने बताया कि नये भवन के फर्स्ट फ्लोर में 17 बेड का नया एसएनसीयू वार्ड तैयार किया गया है. वार्ड को शिफ्ट करने की प्रक्रिया चल रही है. बेड की क्षमता बढ़ने से जिले के लोगों को इसका सीधा लाभ मिलेगा.
