गोपालगंज. जिलेभर में शुक्रवार की रात में करीब 2:35 बजे भूकंप के तीव्र झटके महसूस किये गये. भूकंप की तीव्रता 5.6 मापी गयी, जिससे विभिन्न मोहल्लों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया. भूकंप के झटके महसूस होते ही लोग अपने घरों से बाहर निकल आये, जबकि कुछ लोग गहरी नींद में सो रहे थे और उन्हें इसका आभास नहीं हुआ.
अस्पताल में भर्ती मरीज भूकंप के झटकों से घबराये
सदर अस्पताल में भर्ती मरीज भी भूकंप के झटकों से घबराये हुए थे. अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में भर्ती मरीजों ने भी बाहर निकलने की कोशिश की, हालांकि राहत की बात यह रही कि किसी प्रकार की जनहानि या संपत्ति का नुकसान नहीं हुआ. अस्पताल के स्टाफ ने जल्द ही स्थिति को संभालते हुए मरीजों को नहीं घबराने की सलाह दी. भूकंप का केंद्र नेपाल में बताया जा रहा है, जहां से झटके गोपालगंज तक महसूस हुए. हालांकि, भूकंप के बाद किसी भी प्रकार की क्षति की सूचना नहीं मिली है. इस दौरान प्रशासन ने स्थिति पर नजर बनाये रखी.
प्रशासन ने किया अलर्ट
प्रशासन ने भूकंप के बाद स्वास्थ्य विभाग और आपदा विभाग को तुरंत अलर्ट किया है. सभी संबंधित अधिकारियों को तैयार रहने का निर्देश दिया गया है ताकि किसी भी आकस्मिक स्थिति से निबटा जा सके. साथ ही, लोगों से भी अपील की गयी है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाह से बचें. प्रशासन ने यह भी कहा कि यदि भविष्य में और भूकंप के झटके महसूस होते हैं, तो लोगों को और ज्यादा सतर्क रहने की आवश्यकता होगी.भूकंप आने पर क्या करें
– अगर भूकंप के वक्त आप घर में हैं, तो फर्श पर बैठ जाएं.– घर में किसी मजबूत टेबल या फर्नीचर के नीचे बैठकर हाथ से सिर और चेहरे को ढकें.
– भूकंप के झटके आने तक घर के अंदर ही रहें और झटके रुकने के बाद ही बाहर निकलें.– अगर रात में भूकंप आया है और आप बिस्तर पर लेटे हैं, तो लेटे रहें, तकिये से सिर ढक लें.
– घर के सभी बिजली स्विच को ऑफ कर दें.– अगर आप भूकंप के दौरान मलबे के नीचे दब जाएं, तो किसी रूमाल या कपड़े से मुंह को ढकें.
– मलबे के नीचे खुद की मौजूदगी को जताने के लिए पाइप या दीवार को बजाते रहें, ताकि बचाव दल आपको तलाश सके.– अगर आपके पास कुछ उपाय ना हो, तो चिल्लाते रहें और हिम्मत नहीं हारें.
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