उचकागांव प्रखंड मुख्यालय स्थित बीआरसी भवन में बिहार शिक्षा परियोजना परिषद, पटना के निर्देश पर शिक्षा विभाग और स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त तत्वावधान में दिव्यांग बच्चों के लिए विशेष जांच एवं प्रमाणीकरण शिविर का आयोजन किया गया. कार्यक्रम की शुरुआत प्रखंड प्रमुख विश्वजीत यादव, बीडीओ मनोज कुमार पंडित और प्रभारी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी प्रेम हलधर ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर की.
21 दिव्यांग बच्चों की हुई स्वास्थ्य जांच
शिविर में 06 से 18 वर्ष आयु वर्ग के 21 दिव्यांग बच्चों का स्वास्थ्य और शारीरिक परीक्षण किया गया. ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. विभांशु चौधरी, फिजियोथेरेपिस्ट डॉ. सुजीत कुमार और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र उचकागांव के चिकित्सक डॉ. खाबर इमाम ने बच्चों की जांच की.
जांच के बाद पात्र बच्चों के दिव्यांगता प्रमाण पत्र जारी किये गये. इसके साथ ही जरूरतमंद बच्चों को शिविर में ही नि:शुल्क दवाएं उपलब्ध करायी गयीं.
सहायक उपकरण के लिए 40 बच्चों का पंजीकरण
शिविर में दिव्यांग बच्चों को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से सहायक उपकरण उपलब्ध कराने के लिए 40 बच्चों का पंजीकरण किया गया. संबंधित बच्चों को आगे आवश्यक सहायक उपकरण उपलब्ध कराने की प्रक्रिया की जाएगी.
वहीं, स्वास्थ्य जांच के दौरान गंभीर रूप से पीड़ित पाये गये बच्चों को बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल रेफर किया गया.
पंजीकृत बच्चों को जल्द उपकरण देने की मांग
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रखंड प्रमुख विश्वजीत यादव ने दिव्यांग बच्चों के लिए आयोजित इस पहल की सराहना की. उन्होंने प्रशासन से पंजीकृत बच्चों को जल्द से जल्द सहायक उपकरण उपलब्ध कराने की मांग की, ताकि बच्चों को दैनिक जीवन में सहूलियत मिल सके और वे आत्मनिर्भर बन सकें.
शिक्षक और अभिभावक भी रहे मौजूद
इस अवसर पर शिक्षा विभाग के लेखपाल मुनमुन कुमार, शिक्षक वशिष्ठ प्रसाद, विजय तिवारी सहित कई शिक्षक, अभिभावक और बच्चे मौजूद रहे. शिविर में बच्चों की जांच और प्रमाणन की प्रक्रिया के साथ उन्हें आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं भी उपलब्ध करायी गयीं.
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