Anant Singh: गोपालगंज से सत्येंद्र पांडेय की रिपोर्ट
मोकामा के जेडीयू विधायक अनंत सिंह और सिंगर गुंजन सिंह पर दर्ज एफआईआर मामले में एमपी -एमएलए स्पेशल कोर्ट में सुनवाई हुई. सुनवाई के दौरान कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया. अनंत सिंह के साथ इस बार कोर्ट ने सिंगर गुंजन सिंह को बड़ी राहत दी और उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगा दी. जबकि कुख्यात रहे गुड्डू राय समेत अन्य को राहत नहीं मिली.
अब 5 जून को होगी अगली सुनवाई
अब इस मामले में पांच जून को अगली सुनवाई होगी. बचाव पक्ष के तरफ से वरीय अधिवक्ता राजेश पाठक, अतुल शाही जबकि गुड्डू राय और उनके परिजनों के तरफ से वरीय अधिवक्ता रामनाथ साहु, अजात शत्रु ने कोर्ट से कहा कि अभियोजन की ओर से कोई सबूत, एफएसएल रिपोर्ट, जांच की प्रगति नहीं दी गई है. केस जांच के लिए सीआईडी को ट्रांसफर कर दिया गया है.
उन्होंने यह भी कहा, अब इस कोर्ट में अभियोजन पदाधिकारी का आना कुछ और ही इशारा कर रहा. कोर्ट इस मामले में जमानत की अर्जी पर अपना फैसला सुनाए. अभियोजन पदाधिकारी की ओर से 10 दिन का समय मांगा गया. कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद इस केस का फैसला सुरक्षित कर लिया.
सिंगर गुंजन सिंह के वकील ने क्या कहा?
वरीय अधिवक्ता राजेश पाठक ने सिंगर गुंजन सिंह का पक्ष रखते हुए कहा कि गुंजन सिंह की अरेस्टिंग पर रोक लगाई जाए. वह कलाकार हैं. वायरल वीडियो को देखने से स्पष्ट है कि विधायक अनंत सिंह और गुंजन सिंह का कोई दोष नहीं है. वीडियो में कहीं भी अश्लील मुजरा नहीं दिख रहा है. अश्लील गीत के साथ वीडियो को वायरल किया गया, वहां अनंत सिंह थे भी नहीं.
अभियोजन पक्ष से जिला लोक अभियोजक देव वंश गिरी उर्फ भानु गिरी ने कोर्ट को बताया कि मीरगंज थाना इलाके के सेमराव गांव में कुख्यात रहे गुड्डू राय के घर जनेऊ के कार्यक्रम में अनंत सिंह अपने समर्थकों के साथ पहुंचे थे. उनके साथ गायक गुंजन सिंह भी थे. सुनवाई के दौरान कोर्ट में गहमागहमी का माहौल बना हुआ था.
सीआईडी को सरकार ने सौंप दी है जांच
मीरगंज थाने में दर्ज आर्म्स एक्ट मामले में मोकामा के बाहुबली विधायक अनंत सिंह पर दर्ज कांड की जांच अब सीआईडी को सौंपी गई हैं. पुलिस सूत्रों के मुताबिक गोपालगंज पुलिस ने मामले से जुड़ी पूरी फाइल बिहार सीआईडी को ट्रांसफर कर दी है.
अब इस केस की जांच नए सिरे से सीआईडी करेगी. साथ ही यह पता लगाएगी कि वायरल वीडियो में दिख रहे हथियार लाइसेंसी थे या नहीं और कार्यक्रम के दौरान किन परिस्थितियों में उनका प्रदर्शन किया गया.
कोर्ट को नहीं मिला एसएफएल रिपोर्ट
कोर्ट में अश्लील गीत पर भी विस्तार से चर्चा हुआ. मीरगंज थाना इलाके के सेमराव गांव में अश्लील पर हथियार लहराते हुए डांसर के साथ ठुमका लगाने के मामले में वीडियो में प्रतिबंधित हथियार होने की आशंका जताई गई थी. पुलिस कप्तान विनय तिवारी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए वायरल वीडियो को एफएसएल जांच के लिए भेजवाया था. कोर्ट में अबतक एसएफएल रिपोर्ट नहीं आ सका है.
अभियुक्तों में दो निकले नाबालिग
बचाव पक्ष के अधिवक्ता अजात शत्रु ने कोर्ट को बताया कि पुलिस ने नौ लोगों को अभियुक्त बनाया है, उसमें दो नाबालिग है. जबकि एक आरोपित ट्रेस लेस है. नाबालिगों के केस को किशोर न्याय बोर्ड को सौंपा जाए.
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