सख्ती. शहर में दुकान चलाने के लिए कराना होगा रजिस्ट्रेशन, बन रही कुंडली
नगर पर्षद शहर के दुकानदारों एवं व्यवसायियों से अब रजिस्ट्रेशन शुल्क वसूल करेगा. इसके लिए दुकानदारों की सूची बनायी जा रही है. रजिस्ट्रेशन नहीं करानेवाले दुकानदारों की दुकानों में नगर पर्षद ताला बंद कर देगा.
गोपालगंज : शहर में व्यवसाय कर रहे व्यवसायियों की दुकानों का अब नगर पर्षद से न सिर्फ रजिस्ट्रेशन होगा, बल्कि नगरपालिका शुल्क भी अदा करना होगा. बिहार नगरपालिका अधिनियम 2007 की धारा 345, नगर निगम अनुज्ञप्ति विनयम 2012 के तहत शहर के सभी प्रकार के व्यवसाय का रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य है. इसके तहत व्यवसायी अपना व्यवसाय चलाने के लिए नगर पर्षद को आवेदन कर अनुज्ञप्ति लेने का काम करेंगे. अनुज्ञप्ति नहीं लेनेवाले दुकानदारों का व्यवसाय नोटिस देने के बाद बंद कर दिया जायेगा. अनुज्ञप्ति मुख्य नगरपालिका पदाधिकारी द्वारा निर्गत किया जाना है. नगर पर्षद ने इसका जिम्मा टैक्स दारोगा को दिया है.
शहर की दुकानों के सर्वे का कार्य शुरू कर दिया गया है. सर्वे के बाद दुकानदारों की श्रेणी का विभाजन कर नगर पर्षद नोटिस भेजेगा. श्रेणी एक में आनेवाले दुकानदारों को व्यवसाय के लिए एक हजार तथा श्रेणी दो से छह में आनेवाले दुकानदारों को ढाई हजार रुपये शुल्क एक साल की अनुज्ञप्ति के लिए जमा करना होगा. एक साल से अधिक अवधि के लिए अनुज्ञप्ति लेने पर वार्षिक शुल्क में 10 प्रतिशत का शुल्क दिया जायेगा.
