जलस्तर में वृद्धि शुरू, तटवर्ती गांव के लोगों की बढ़ी चिंता
गोपालपुर : प्रखंड में गंगा के जलस्तर में वृद्धि शुरू हो गयी है. इससे तटवर्ती गांवों के लोगों की चिंता बढ़ गयी है. बता दें कि पिछले एक दशक में कटाव से गोपालपुर व इस्माइलपुर प्रखंड के दर्जनों गांव गंगा में समा चुके हैं. कटाव से बचाव के नाम पर अब तक अरबों रुपये खर्च […]
गोपालपुर : प्रखंड में गंगा के जलस्तर में वृद्धि शुरू हो गयी है. इससे तटवर्ती गांवों के लोगों की चिंता बढ़ गयी है. बता दें कि पिछले एक दशक में कटाव से गोपालपुर व इस्माइलपुर प्रखंड के दर्जनों गांव गंगा में समा चुके हैं. कटाव से बचाव के नाम पर अब तक अरबों रुपये खर्च किये जा चुके हैं,
लेकिन कटाव रुकने के बजाय गत वर्ष सुरक्षात्मक बांध के पास सैदपुर से लेकर बुद्धूचक तक कटाव का दायरा पहुंच गया है. इस वर्ष भी कटाव से बचाव के नाम पर 30 करोड़ की राशि से काम कराया जा रहा है. इनमें से ज्यादातर काम पूर्ण हो चुके हैं. बचे काम को 15 जून तक पूरा कर लेने का निर्देश दिया गया है. ग्रामीण कार्य प्राक्कलन के अनुसार नहीं होने का आरोप लगा रहे हैं.
ग्रामीण सह पटना हाईकोर्ट के अधिवक्ता मुकेश कुमार ने कहा कि ग्रामीणों की शिकायत पर जांच के लिए मॉनिटरिंग सेल के कार्यपालक अभियंता आये जरूर, लेकिन वह ग्रामीणों से नहीं मिले. विभागीय अभियंताओं से जानकारी लेकर चले गये. लगायी गयी तार की जाली, जिओ बैग, गेवियन व पत्थर की गुणवत्ता मानक के अनुरूप नहीं है. स्पर संख्या सात के जीर्णोद्धार कार्य में नक्शा व प्राक्कलन के साथ छेड़छाड़ किया गया.
कहते हैं पदाधिकारी : जल संसाधन विभाग के मुख्य अभियंता ई सियाराम पासवान ने कहा कि मैंने हाल ही में योगदान दिया है. प्राक्कलन भी मैंने ठीक से नहीं देखा है. एक-दो दिनों में इस्माइलपुर व बिंद टोली जाकर ग्रामीणों से बात करूंगा. तार की जाली व अन्य सामग्री प्राक्कलन के अनुसार है या नहीं इसकी जांच की जायेगी. हर हाल में गुणवत्ता पूर्ण कार्य कराया जायेगा.