Gaya News: गुरुआ प्रखंड के लालगढ़ गांव सहित आसपास के क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया है. बेमौसम और मूसलाधार बारिश के कारण तरबूज समेत कई नगदी फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है, जिससे किसान चिंतित हैं.
50 एकड़ की फसल बर्बाद
जानकारी के अनुसार लालगढ़ और रजन गांव में करीब 50 एकड़ भूमि पर लगी तरबूज, खीरा, ककड़ी और करेला की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई है. खेतों में पानी भर जाने से फसल सड़ने लगी है और कई जगहों पर पौधे पूरी तरह नष्ट हो गए हैं. इससे किसानों के साथ-साथ खेतिहर मजदूरों के सामने भी रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है.
किसानों की टूटी उम्मीदें
स्थानीय किसानों राजीव कुमार, नीतीश कुमार दांगी और भागवत प्रसाद ने बताया कि इस बार तरबूज की फसल काफी अच्छी हुई थी और बाजार में बिक्री भी शुरू हो चुकी थी. किसानों को अच्छे मुनाफे की उम्मीद थी, लेकिन पिछले एक महीने में दो बार हुई भारी बारिश ने उनकी सारी उम्मीदों पर पानी फेर दिया. जलजमाव के कारण तैयार फसल खराब हो गई और अब उसे बाजार तक पहुंचाना भी संभव नहीं रह गया है.
कर्ज लेकर की थी खेती
किसानों ने बताया कि बीज, खाद, सिंचाई और मजदूरी पर उन्होंने काफी पूंजी खर्च की थी. कई किसानों ने कर्ज लेकर खेती की थी. ऐसे में नुकसान के बाद लागत निकालना भी मुश्किल हो गया है. किसानों ने प्रशासन से उचित मुआवजे की मांग की है ताकि उन्हें राहत मिल सके.
क्या कहते हैं अधिकारी
इस संबंध में बीडीओ सद्दाम हुसैन ने बताया कि जिला आपदा पदाधिकारी से बात कर किसानों को मुआवजा दिलाने का प्रयास किया जाएगा, ताकि प्रभावित किसानों को राहत मिल सके.
