Gaya News : कलेंद्र प्रताप की रिपोर्ट. अंतरराष्ट्रीय और घरेलू उड़ानों के गवाह गया इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर कार्गो सेवा की बहाली अब तक एक दूर का सपना बनी हुई है. पिछले तीन सालों से स्थानीय व्यापारिक संगठन लगातार इसकी मांग कर रहे हैं, लेकिन प्रशासनिक सुस्ती और कॉरपोरेट कंपनियों के ढुलमुल रवैये के कारण यह सेवा धरातल पर नहीं उतर सकी है. इंडिगो एयरलाइंस ने इसे शुरू करने की बात जरूर कही थी, लेकिन कागजी कार्यवाही पूरी होने से बात आगे नहीं बढ़ी.
व्यावसायिक संगठनों में भारी निराशा
गया क्षेत्र के व्यावसायिक संगठनों में इस गतिरोध को लेकर भारी निराशा है. कुछ समय पहले इस रूट पर यात्री विमानों का संचालन करने वाली निजी विमानन कंपनी इंडिगो ने कार्गो सेवा शुरू करने की गंभीर पहल की थी. इसके लिए गया एयरपोर्ट प्रबंधन के साथ समन्वय स्थापित कर कागजी प्रक्रिया भी पूरी कर ली गई थी. उस वक्त दावा किया गया था कि जल्द ही गया एयरपोर्ट से इंडिगो द्वारा मालवाहक सेवाएं शुरू कर दी जाएंगी. लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि बोधगया का पर्यटन सीजन खत्म होते ही और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों की आवाजाही बंद होते ही सारी योजनाएं ठप पड़ गयी हैं.
गया के व्यापार और अर्थव्यवस्था को भारी नुकसान
- आयात में परेशानी: इस सेवा के शुरू होने से डोमेस्टिक फ्लाइटों के जरिए दिल्ली, मुंबई और कोलकाता जैसे बड़े महानगरों से पार्सल और व्यावसायिक सामग्रियों का आना बेहद सुलभ और तेज हो जाता.
- स्थानीय उत्पाद बाजार से कटे: कार्गो न होने के कारण गया के स्थानीय उत्पाद और हस्तशिल्प घरेलू और वैश्विक बाजारों तक तेजी से नहीं पहुंच पा रहे हैं, जिससे व्यापारियों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है.
क्या कहते हैं एयरपोर्ट डायरेक्टर?
इस पूरे मामले पर गया एयरपोर्ट के डायरेक्टर अवधेश कुमार ने स्थिति स्पष्ट करते हुए कॉरपोरेट सुस्ती की पुष्टि की है. उन्होंने बताया कि कार्गो सेवा शुरू करने की पूरी योजना इंडिगो द्वारा ही तैयार की गई थी. अवधेश कुमार के मुताबिक, एयरपोर्ट अथॉरिटी की ओर से इंडिगो को आवश्यक जगह मुहैया कराने की सहमति दे दी गई थी और कागजी औपचारिकताएं भी पूरी हो चुकी थीं. जगह आवंटित किए जाने के बावजूद इंडिगो की तरफ से अब तक सेवा की शुरुआत नहीं की जा सकी है.
