गया: चार दिनों से पावरलूम क्षेत्र में खटपट की आवाज पूरी तरह से बंद है. पावरलूम की लगभग साढ़े सात हजार मशीनें बंद हैं. करीब करोड़ घाटे का अनुमान है. एक दिन में इन पावरलूम पर 30 हजार से अधिक मजदूर काम कर लगभग 75 हजार मीटर कपड़े की बुनाई करते हैं. ऐसे में चार दिनों में तीन लाख मीटर कपड़े का उत्पादन नहीं हो सका है. कारखानों में एक दिन में मजदूर मालिक मिला कर 12 लाख से अधिक रुपये की कमाई करते हैं. वस्त्र उद्योग के विशेषज्ञों के मुताबिक, पिछले चार दिनों में कम से कम 96 लाख रुपये का घाटा हो चुका है.
तनातनी में बंदी कुछ दिन और खिंचती है, तो मजदूर दूसरे जगह रोजगार की तलाश करेंगे. गौरतलब है कि सूत रंगाई से निकलने वाले केमिकल युक्त पानी से आसपास का पूरा इलाका प्रभावित हो रहा है. सिविल सर्जन व पीएचइडी ने अपनी जांच रिपोर्ट में मामले को सही पाया है. प्रदूषण विभाग को स्थानीय लोगों ने पत्र देकर भूगर्भ जल प्रदूषित होने का आरोप लगाया था. इनका कहना था कि कई मुहल्ले के लोग प्रदूषित पानी पीकर बीमार पड़ रहे हैं. जांच के बाद मामले में जिलाधिकारी को पहल करने को कहा गया है. प्रदूषण पर्षद के सचिव एस चंद्रशेखर ने कहा है कि पांच लाख रुपये अधिक लागतवाले कारखानों पर यह नियम लागू होता है. इससे कम लागतवाले को इस से मुक्त रखा गया है. विभाग द्वारा पत्र भेजने की सूचना मात्र से ही पावरलूम मालिकों ने कारखाने बंद रखने का निर्णय लिया है.
पहुंचे टेक्सटाइल्स अधिकारी
बुधवार को पटना से टेक्सटाइल अधिकारी अशोक सिंह व उद्योग विभाग के महाप्रबंधक मकेश्वर द्विवेदी मामले की जांच करने पटवा टोली पहुंचे. अशोक सिंह ने बताया कि मुहल्लेवालों के सामने जांच की गयी. श्री सिंह ने कहा कि अंतिम फैसला उच्चाधिकारियों को लेना है. एक-दो दिनों में रिपोर्ट सौंप दी जायेगी. सरकार इस पर जल्द कोई निर्णय लेगी.
हमारा व्यवसाय 70 साल का
इस संबंध में बुनकर संघ के प्रवक्ता फलधारी पटवा ने कहा कि 70 साल से यह धंधा चल रहा है. सरकार परेशान करना चाहती है. मुहल्ले के कुछ लोग उद्योग को बरबाद करने की धमकी देकर कुछ वसूलना चाहते हैं. हमलोगों ने मन बना लिया है कि अब दबाव में नहीं आयेंगे. उन्होंने कहा कि सरकार को पहल कर निर्णय लेना चाहिए. जांच करने पहुंचे टेक्सटाइल ऑफिसर अशोक सिंह ने आश्वस्त किया है कि हर संभव सरकार मदद देगी. श्री पटवा ने कहा कि विभाग की बैठक मुख्यमंत्री के सचिव के साथ गुरुवार को होनी है. उसमें रास्ता साफ हो जायेगा.
