आदित्य सचदेवा हत्याकांड ... तो राॅकी को होगी उम्रकैद की सजा!

गया: राॅकी यादव की गिरफ्तारी के बाद अब उसकी सजा को लेकर मंथन शुरू हो गया है. उसके खिलाफ चलनेवाली धाराओं व लीगल ट्रायल पर मंथन चल रहा है. रॉकी के अपराध को देखते हुए शहर के कई वरिष्ठ वकील उसे उम्रकैद की सजा मिलने की बात कर रहे हैं. कानूनी विशेषज्ञों का मानना है […]

गया: राॅकी यादव की गिरफ्तारी के बाद अब उसकी सजा को लेकर मंथन शुरू हो गया है. उसके खिलाफ चलनेवाली धाराओं व लीगल ट्रायल पर मंथन चल रहा है. रॉकी के अपराध को देखते हुए शहर के कई वरिष्ठ वकील उसे उम्रकैद की सजा मिलने की बात कर रहे हैं. कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि राॅकी यादव के खिलाफ जिन धाराओं का प्रयोग किया गया है, उसके अनुसार फांसी की सजा का प्रावधान नहीं हो सकता. लेकिन, यह तय है कि केस सही दिशा में रहा, तो उम्रकैद की सजा हो सकती है.
पुलिस को साबित करनी होगी हत्या की वजह : कानूनी विशेषज्ञों के मुताबिक, आदित्य सचदेवा हत्याकांड में पुलिस ने धारा-302 का प्रयोग किया है. इस मामले में सुनवाई के दौरान पुलिस को यह साबित करना होगा कि आखिर हत्या करने की वजह क्या रही होगी. पुलिस के सामने यह काफी मुश्किल होगा.
गवाह ही हैं पूरा आधार
कानूनी विशेषज्ञों के मुताबिक, पुलिस भले ही यह दावा कर रही है कि राॅकी ने अपना गुनाह मान लिया है. लेकिन, यह भी सच है कि केस का पूरा आधार वह चार गवाह (आदित्य के चारों दोस्त) ही हैं. सुनवाई के दौरान अगर गवाह अपने बयान से मुकरते हैं, तो यह केस पूरी तरह से धराशायी हो जायेगा. कोर्ट में इस बात की भी चर्चा है कि हो ही सकता है कि भविष्य में गवाह मुकर जायें. इस स्थिति में पुलिस के लिए दोष साबित करना मुश्किल हो जायेगा. ऐसे में यह केस पूरी तरह से कमजोर हो जायेगा. हालांकि, पुलिस ने अपने स्तर पर साक्ष्य जुटाने के लिए फॉरेंसिक टीम की मदद ली है. अब यह देखना है कि फाॅरेंसिक टीम की रिपोर्ट पुलिस को किस हद तक मदद कर सकेगी.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >