गया : गेवालबिगहा बड़ तर मुहल्ले में तीन दिनों से फैला डायरिया थमने का नाम ही नहीं ले रहा है. शनिवार को मुहल्ले के 18 से अधिक लोग डायरिया की चपेट में आ गये, जिन्हें अस्पताल पहुंचाना पड़ा. मरीजों का इलाज संक्रामक रोग अस्पताल, मगध मेडिकल कॉलेज व प्राइवेट क्लिनिकों में हो रहा है.
साथ ही, मेडिकल की एक टीम दिन-रात कैंप कर रही है. संक्रामक रोग अस्पताल के डॉ अशोक कुमार सिन्हा ने बताया कि गेवालबिगहा में पानी के कारण डायरिया फैला है. उन्होंने कहा कि मुहल्ले में साफ-सफाई व ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव करना चाहिए. लोग बोरिंग का पानी पीना बंद करें. इधर, नगर निगम के स्वास्थ्य प्रभारी शैलेंद्र कुमार सिन्हा के अनुसार मुहल्ले में टैंकर से पानी सप्लाइ की जा रही है. मुहल्ले में साफ-सफाई का भी निर्देश दिया गया है. वार्ड पार्षद डॉ आनंद का कहना है कि निगम द्वारा मुहल्ले में पाइपलाइन से पानी की सप्लाइ देने के लिए योजना बना ली गयी है.
डायरिया से आक्रांत लोग
सजदा (50 वर्ष), शाहिद (48 वर्ष), हुसैन आरा (40 वर्ष), लैस आलम (45 वर्ष), अरमेयान (18 वर्ष), शायरा (ढाई वर्ष), शमशाद (20 वर्ष), रिजवान (18 वर्ष), राशिद (22 वर्ष), फैजा (ढाई वर्ष), साबिर (चार वर्ष), राजिया (14 वर्ष), पिंकी खातून (12 वर्ष), शाहनवाज (30 वर्ष), मोहम्मद शाहिद (21 वर्ष), मैमून खातून (10 वर्ष), डीनू (28 वर्ष) व अन्य.
