बोधगया में पंगु व्यवस्था के बीच काम कर रहा फायर स्टेशन
बोधगया : गर्मी की शुरुआत होते ही अगलगी की घटनाओं में बढ़ोतरी होने लगी है. मुख्य रूप से गांव-देहात में कच्चे मकान अगलगी से ज्यादा प्रभावित होते हैं. बोधगया प्रखंड क्षेत्र के 17 ग्राम पंचायतों के गांवों व नगर पंचायत के 18 वार्ड क्षेत्रों के लिए बोधगया में स्थापित फायर स्टेशन सुविधा विहीन व्यवस्था के […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
बोधगया : गर्मी की शुरुआत होते ही अगलगी की घटनाओं में बढ़ोतरी होने लगी है. मुख्य रूप से गांव-देहात में कच्चे मकान अगलगी से ज्यादा प्रभावित होते हैं. बोधगया प्रखंड क्षेत्र के 17 ग्राम पंचायतों के गांवों व नगर पंचायत के 18 वार्ड क्षेत्रों के लिए बोधगया में स्थापित फायर स्टेशन सुविधा विहीन व्यवस्था के बीच काम कर रहा है.
फायर स्टेशन से लगभग 30 किलोमीटर की दूरी तक दमकलों को भेजा जाता है. बोधगया के पूर्वी क्षेत्र जॉनी बिगहा, कुरुमडीह, रामनगर आदि गांवों तक पहुंचने में दमकल को काफी समय लग जाता है. सड़कें भी दुरुस्त नहीं हैं. इन सबके बावजूद बोधगया स्थित फायर स्टेशन में मौजूद दो दमकलों की स्थिति भी दुरुस्त नहीं कही जा सकती है.
दमकलों के टायर पुराने हो चुके हैं व उनमें हॉज पाइप की भी कमी है, ताकि लंबी दूरी तक पानी पहुंचा कर आग पर काबू पाया जा सके. इसके साथ ही, आग बुझाने के दौरान हौज पाइप से पानी पहुंचाने वाला पंप भी खराब है, जिसके कारण प्रेशर नहीं बना पाता और ज्यादातर पानी दमकल के पास ही बर्बाद हो जाता है.
छोटा दमकल उपलब्ध नहीं
बोधगया फायर स्टेशन में दो दमकल(वाटर टैंकर) हैं. एक की क्षमता 3600 लीटर पानी रखने की व दूसरे की क्षमता 4600 लीटर पानी रखने की है. तैलीय पदार्थ से आग लगने की स्थिति में यहां फोम टेंडर की सुविधा उपलब्ध नहीं है. हालांकि, बड़े दमकलों में ही फोम कंपाउंड डाल कर आग पर काबू पाने की व्यवस्था की गयी है.
छोटा दमकल उपलब्ध नहीं होने के कारण संकरी सड़कों से जुड़े गांवों व मुहल्लों में लगी आग बुझाने के लिए गया से दमकल मंगाना पड़ता है. फायर स्टेशन के प्रभारी सुरेश पासवान ने बताया कि दमकलों में पानी भरने के लिए बोधगया थाना परिसर के साथ ही कई होटलों व जिंदापुर तालाब से पानी उठाने की सुविधा बहाल है.
उन्होंने बताया कि दमकलों में नये टायर लगाने की स्वीकृति मिल चुकी है. फिलहाल दो दमकलों के लिए यहां छह अग्निक, दो होमगार्ड के जवान व दो ड्राइवर मौजूद हैं. उन्होंने बताया कि होली के बाद क्षेत्र में अगलगी की घटनाओं में वृद्धि देखी जाती है.