गया : यात्रियों की प्यास बुझाने के लिए ट्रेनों में आरओ लगाने की व्यवस्था की जा रही है. जल्द ही इस योजना को धरातल पर उतरा जायेगा. इसके लिए वरीय अधिकारियों की सहमति मिल गयी है. अब पैसेंजर, एक्सप्रेस, मेल व राजधानी ट्रेनों में आरओ लगाये जायेंगे. जेनरल बोगी में भी सफर करनेवाले यात्रियों को पीने का शुद्ध पानी मिलेगा. वह भी उनकी बोगी के भीतर ही.
इसके लिए रेलवे ने हर जेनरल व रिजर्वेशन बोगी में आरओ का उपकरण लगाने की तैयारी की है. यह उपकरण बोगी में वॉश बेसिन की जगह पर लगेगा. यह ट्रेन की बॉडी में ही फिट रहेगा. आरआे लगाने के लिए रेलवे और एक बड़ी कंपनी के बीच करार के लिए बात चल रही है. ट्रेनों में कंपनी द्वारा सीएसआर (कॉरपोरेट सोशल रेस्पांसिबिलिटी) के तहत आरओ लगाये जायेेंगे. रेलवे स्टेशनों पर इसी कंपनी के बड़े आकार के कूलर और वाटर ट्रीटमेंट प्लांट लगे हैं. हालांकि, रेलवे द्वारा प्लेटफॉर्मों पर वाटर वेंडिंग मशीन हाल ही में लगायी गयी है, जहां से यात्री निर्धारित शुल्क का भुुगतान कर पानी लेेेे सकते हैं. परंतु, ट्रेनों में सफर करनेवाले यात्रियों को आरओ से पानी लेने के लिए कोई शुल्क नहीं देना होगा.
ट्रेन से उतरने की जरूरत नहीं
अब रेल यात्रियों को पानी पीने के लिए ट्रेन से उतरने की जरूरत नहीं होगी. ट्रेन में बैठे ही शुद्ध व ठंडा पानी मिलेगा. आरओ लग जाने से यात्रियों को काफी सहूलियत होगी. यात्रियों को बोतलबंद पानी खरीदने की जरूरत नहीं होगी. ट्रेनों में पानी की समस्या को दूर करने के लिए रेलवे अधिकारियों ने सभी पैसेंजर, एक्सप्रेस, मेल व राजधानी में आरओ लगाने की तैयारी कर रखी है.
महत्वपूर्ण ट्रेनों में सबसे पहले लगेगा आरओ
रेलवे अधिकारियों ने बताया कि महत्वपूर्ण ट्रेनों में सबसे पहले आरओ की व्यवस्था की जायेगी. पैसेंजर ट्रेनों में वेंडरों द्वारा 15 रुपये की पानी की बोतल 20 रुपये में बेची जाती है. मजबूर होकर रेलयात्री उसे खरीदते हैं. लेकिन, अब अपने घरों से खाली बोतल लेकर आने वाले यात्री ट्रेनों में लगे आरओ से पानी भर कर पी सकेंगे. इससे पीने के पानी की समस्या दूर हो जायेगी और सामान्य यात्रियों के पैसे की भी बचत होगी.
क्या कहते हैं सीपीआरओ
इस संबंध में जनसंपर्क अधिकारी (सीपीआरओ) राजेश कुमार ने बताया कि जल्द ही पैसेंजर, एक्सप्रेस, मेल व राजधानी ट्रेनों में आरओ लगाये जायेंगे. इसके लिए वरीय अधिकारियों की सहमति मिल गयी है. इस योजना को धरातल पर उतारने के लिए हर स्तर पर बात हो गयी है. जल्द ही एक ब्रांडेड कंपनी द्वारा सीएसआर के तहत सभी ट्रेनों में आरओ लगाये जायेंगे.
