दरभंगा से प्रवीण कुमार चौधरी की रिपोर्ट
Darbhanga News: ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय में दशकों बाद शैक्षणिक सीनेट की बैठक आयोजित करने की तैयारी शुरू हो गई है. रविवार रात कुलपति प्रो. संजय कुमार चौधरी की अध्यक्षता में हुई सिंडिकेट बैठक में जून माह में सीनेट की बैठक कराने पर सहमति बनी.
जून में संभावित तिथि तय
विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से 24, 25 या 30 जून को संभावित तिथि के रूप में तय किया गया है. कुलपति को अधिकृत किया गया है कि वे लोकभवन, पटना को प्रस्ताव भेजकर कुलाधिपति से स्वीकृति प्राप्त करें.
विश्वविद्यालय में लंबे समय से विभिन्न संगठनों और शिक्षाविदों द्वारा वर्ष में दो बार सीनेट बैठक आयोजित करने की मांग उठती रही है. एक बैठक वार्षिक बजट और दूसरी छात्रहित से जुड़े शैक्षणिक मुद्दों के लिए कराने की मांग की जाती रही है.
शिक्षकों की सेवा हुई संपुष्ट
सिंडिकेट बैठक में बिहार लोक सेवा आयोग की अनुशंसा पर नियुक्त एआइएच एंड सी के सहायक प्राध्यापकों की सेवा संपुष्ट करने का निर्णय लिया गया. दो वर्ष का प्रोवेशन पीरियड पूरा करने और कॉलेजों से सीसीआर प्राप्त होने के बाद यह फैसला लिया गया.
इसके अलावा प्रदेश सरकार द्वारा नवस्थापित 30 राजकीय डिग्री कॉलेजों के लिए 30 प्रधानाचार्यों और सहायक प्राध्यापकों के पदस्थापन व अतिरिक्त प्रभार को भी स्वीकृति दी गई.
नए कॉलेजों में नए विषयों का प्रस्ताव
सिंडिकेट बैठक में नवस्थापित कॉलेजों में मैथिली, संस्कृत, उर्दू और एआइएच एंड सी विषयों की पढ़ाई शुरू कराने को लेकर राज्य सरकार को प्रस्ताव भेजने का निर्णय लिया गया.
इसके लिए डीएसडब्ल्यू प्रो. अशोक कुमार मेहता, डॉ बैद्यनाथ चौधरी बैजू और प्रो. नारायण झा की तीन सदस्यीय समिति बनाई गई है. समिति 20 मई तक प्रस्ताव तैयार कर विश्वविद्यालय को सौंपेगी.
बैठक का संचालन और धन्यवाद ज्ञापन कुलसचिव डॉ दिव्या रानी हांसदा ने किया.
