Income Tax Department: आयकर विभाग आसूचना एवं आपराधिक अन्वेषण, मुजफ्फरपुर की ओर से जिला अवर निबंधक, दरभंगा के सम्मेलन कक्ष में ‘प्रारंभ’ अभियान के तहत एक महत्वपूर्ण आउटरीच कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य नए आयकर अधिनियम-2025 और आयकर नियम-2026 के प्रावधानों के बारे में अधिकारियों व कर्मियों को अवगत कराना था.
Sub Registrar Office Darbhanga: एसएफटी-12 फाइलिंग और त्रुटियों से बचाव
कार्यक्रम के दौरान आयकर अधिकारी राजेश कुमार और आयकर निरीक्षक अमित कुमार ने एसएफटी-12 के तहत फॉर्म 61ए दाखिल करते समय बरती जाने वाली सावधानियों पर विशेष जोर दिया. उन्होंने स्पष्ट किया कि समय पर सही आंकड़े अपलोड किए जाएं और क्रेता-विक्रेता का नाम, पता, पैन तथा लेन-देन की राशि बिल्कुल सटीक दर्ज हो ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की तकनीकी या कानूनी परेशानी से बचा जा सके.
पैन सत्यापन और संपत्ति की रजिस्ट्री के नियम
अधिकारियों ने निर्देश दिया कि संपत्ति की रजिस्ट्री से ठीक पहले आयकर विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध पैन सत्यापन सुविधा का उपयोग किया जाए. दोनों पक्षों के पैन की प्रामाणिकता की जांच करने के बाद ही निबंधन की प्रक्रिया पूरी की जानी चाहिए ताकि फर्जीवाड़े पर लगाम लगाई जा सके.
नकद भुगतान और फॉर्म 60-61 की अनिवार्यता
दस से तीस लाख रुपये तक के निबंधन में यदि पैन उपलब्ध न हो, तो संबंधित पक्ष से अनिवार्य रूप से फॉर्म 60 प्राप्त किया जाए और फॉर्म 61 में समय पर रिपोर्ट दाखिल की जाए. इसके अलावा, सुप्रीम कोर्ट के 16 अप्रैल 2025 के आदेश के आलोक में दो लाख रुपये से अधिक के नकद भुगतान की रिपोर्टिंग संबंधित आयकर प्राधिकरण को करना अनिवार्य बताया गया.
उपस्थित प्रमुख लोग और कर्मी
इस जागरूकता कार्यक्रम में दरभंगा के अलावा कमतौल, बिरौल तथा बहेड़ा सब-रजिस्ट्रार कार्यालयों के कई पदाधिकारी, सब-रजिस्ट्रार कार्यालय के कर्मी, अकाउंटेंट, डीड राइटर एवं बड़ी संख्या में अन्य लोग मौजूद रहे
