दरभंगा से सतीश कुमार की रिपोर्ट
Darbhanga News: दरभंगा मेडिकल कॉलेज अस्पताल (डीएमसीएच) की सुपर स्पेशलिटी बिल्डिंग में बुधवार को बड़ा हादसा होते-होते टल गया. इलाज के लिए अस्पताल पहुंचे एक दंपती करीब दो घंटे तक लिफ्ट में फंसे रहे. गर्मी, बंद पंखे और मोबाइल नेटवर्क नहीं मिलने के कारण दोनों की तबीयत बिगड़ने लगी. सूचना मिलने पर अस्पताल प्रशासन हरकत में आया और काफी प्रयास के बाद दोनों को सुरक्षित बाहर निकाला गया.
इलाज कराने पहुंचे थे दंपती
जानकारी के अनुसार बहेड़ी थाना क्षेत्र के अटहर गांव निवासी श्रीचन मंडल अपनी पत्नी मंजू देवी को इलाज के लिए डीएमसीएच लेकर पहुंचे थे. महिला को रक्तस्राव की शिकायत थी, जिसके बाद डॉक्टरों ने उन्हें सुपर स्पेशलिटी भवन की चौथी मंजिल पर जांच के लिए भेजा. इसी दौरान दोनों लिफ्ट में सवार हुए, लेकिन लिफ्ट बीच में ही बंद हो गई.
दो घंटे तक लिफ्ट में कैद रहे पति-पत्नी
परिजनों के अनुसार लिफ्ट न तो ऊपर जा रही थी और न ही उसका दरवाजा खुल रहा था. अंदर पंखा भी बंद था और मोबाइल नेटवर्क भी काम नहीं कर रहा था. बढ़ती गर्मी और घुटन के कारण महिला मरीज की हालत बिगड़ने लगी. पति भी लगातार परेशान होते रहे, लेकिन किसी से संपर्क नहीं हो सका.
अस्पताल में मची अफरा-तफरी
घटना की जानकारी मिलते ही अस्पताल परिसर में हड़कंप मच गया. अस्पताल अधीक्षक डॉ. जगदीश चंद्र ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए. तकनीकी सहायता नहीं मिलने पर कर्मचारियों ने काफी मशक्कत के बाद लिफ्ट का दरवाजा तोड़कर दोनों को बाहर निकाला. बाहर आते ही महिला बेहोश हो गई, जबकि पति की भी तबीयत खराब हो गई.
लिफ्ट व्यवस्था पर उठे सवाल
घटना के बाद अस्पताल की लिफ्ट व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं. अधीक्षक ने लिफ्ट संचालन करने वाली एजेंसी पर नाराजगी जताते हुए सभी लिफ्टों की तकनीकी जांच कराने और सुरक्षा सुनिश्चित होने तक उनके उपयोग पर रोक लगाने का निर्देश दिया है.
