अलीनगर . ग्राम कचहरियों के पंच, सरपंचों को अपनी उपेक्षा की पीड़ा अब सताने लगी है. आसन्न विधान परिषद निकाय चुनाव में पिछले चुनाव की भांति मतदाता नहीं बनाये जाने का भय इन्हें सताने लगा है. हरियठ पंचायत के सरपंच कमरूद्दीन आजाद एवं लहटा-तुमौल सूहथ पंचायत की सरपंच आरती झा का कहना है कि उक्त चुनाव से जो विधान पार्षद निर्वाचित होते हैं, वह पंचायती राज व्यवस्था के निर्वाचित सभी प्रतिनिधियों के प्रतिनिधि होते हैं लेकिन उनके चुनने के लिए केवल वार्ड सदस्य, मुखिया, पंचायत समिति सदस्य एवं जिला परिषद सदस्य ही मतदाता होते हैं, जो पंच व सरपंच के साथ सौतेलापन व अन्यायपूर्ण है. पंच व सरपंच भी पंचायती राज व्यवस्था के तहत जब निर्वाचित होते हैं तो इन्हें भी उक्त चुनाव में मतदान करने का अधिकार मिलना चाहिए. धमसाइन-धमवारा की सरपंच रेखा देवी, मोतीपुर पंचायत की सरपंच मिंटू देवी, हरिसंगहपुर के उपसरपंच नजमुल होदा गोरे ने उक्त मुद्दे को गंभीर करार देते हुए कहा कि इसपर सरकार एवं चुनाव कराने वाली संस्था चुनाव आयोग को गंभीरतापूर्वक ससमय निर्णय लेना चाहिए ताकि पंच, सरपंच भी उक्त चुनाव में अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकें.
सरपंचों ने की परिषद निकाय में मदाता बनाने की मांग
अलीनगर . ग्राम कचहरियों के पंच, सरपंचों को अपनी उपेक्षा की पीड़ा अब सताने लगी है. आसन्न विधान परिषद निकाय चुनाव में पिछले चुनाव की भांति मतदाता नहीं बनाये जाने का भय इन्हें सताने लगा है. हरियठ पंचायत के सरपंच कमरूद्दीन आजाद एवं लहटा-तुमौल सूहथ पंचायत की सरपंच आरती झा का कहना है कि उक्त […]
