परेशानी : बागमती नदी का जलस्तर स्थिर, बाढ़ का खतरा बरकरार
वार्ड आठ, नौ व 23 में पानी में आयी कमी
पानी में कमी के बाद बदला रंग, काले हो गये पानी से उठने लगी सड़ांध, महामारी की आशंका
निर्देश के बावजूद नहीं हुआ चूना-ब्लीचिंग का छिड़काव व फॉगिंग
दरभंगा : उफानायी बागमती के जलस्तर में कमी नहीं आयी है. लगातार तीसरे दिन गुरुवार को ठहराव जारी रहा. नदी का पानी स्थिर रहने से क्षेत्रवासी भयभीत हैं. इधर वार्ड दो व तीन के कुछ इलाके में पानी तेजी से फैल रहा है. इधर वार्ड आठ, नौ व 23 में गत सोमवार व मंगलवार को घुसे बाढ़ के पानी में कमी आयी है. कुछ इलाके में पानी कमने के बाद जमा पानी का रंग काला हो गया है. पानी से दुर्गंध उठना शुरु हो गया है. लोगों को महामारी का डर सताने लगा है.
गत 23 जुलाई को निगम प्रशासन ने बाढ़ पीड़ित क्षेत्र के शरण स्थल पर विस्थापित परिवारों के लिए चूना-ब्लीचिंग का छिड़काव कराने तथा फॉगिंग के लिए निर्देश जारी किया था. इस पर वार्डों को चूना-ब्लीचिंग भी उपलब्ध करा दिया गया, बावजूद न तो चूना-ब्लीचिंग का छिड़काव किया गया और न ही फॉगिंग ही करायी गयी है.
वार्ड आठ की पार्षद संजू देवी ने बताया कि चूना-ब्लीचिंग उपलब्ध कराया गया है. संबंधित शरण स्थल पर छिड़काव करने का निर्देश कर्मियों को दिया गया है. निगम की ओर से अबतक फॉगिंग शुरू नहीं की गयी है. लोगों के घर में घुसा पानी में कमी नहीं आयी है. सड़क पर डेढ़ फीट पानी बह रहा है. हजारीनाथ मंदिर घाट पर पानी के प्रवेश को रोकने के लिए रखे गये मिट्टी भरे बोरे का निचला हिस्सा डूब गया है.
