Bihar News: बगहा मंडल रेलवे उपयोगकर्ता परामर्शदात्री समिति के सदस्य राकेश सिंह ने सप्तक्रांति एक्सप्रेस को समस्तीपुर तक विस्तारित करने की किसी भी पहल का कड़ा विरोध किया है. उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव अव्यावहारिक है और चंपारण के रेल यात्रियों के हितों के खिलाफ है.
मीडिया से बातचीत में राकेश सिंह ने बताया कि समस्तीपुर की सांसद शांभवी कुमारी की ओर से ट्रेन को समस्तीपुर तक बढ़ाने की मांग की गई है. उन्होंने कहा कि जब इस ट्रेन की शुरुआत हुई थी, तब तत्कालीन रेल मंत्री नीतीश कुमार ने इसे विशेष रूप से चंपारण के यात्रियों के लिए शुरू किया था.
राकेश सिंह ने और क्या बताया?
उन्होंने बताया कि समस्तीपुर से हाजीपुर होते हुए दिल्ली के लिए पहले से ही सम्पर्क क्रांति एक्सप्रेस सहित कई ट्रेनें उपलब्ध हैं . इसके अलावा समस्तीपुर से राजधानी, वैशाली, स्वतंत्रता सेनानी, आम्रपाली, हमसफर, अवध असम, गरीब रथ और उदयपुर सिटी एक्सप्रेस जैसी कई गाड़ियां संचालित होती हैं. साथ ही नरकटियागंज रूट से हर रोज केवल सप्तक्रांति एक्सप्रेस और सत्याग्रह एक्सप्रेस ही चलती हैं, जिनमें यात्रियों को टिकट मिलने में काफी परेशानी होती है.
चंपारण के लोगों को होगा नुकसान
राकेश सिंह ने यह भी कहा कि अगर सप्तक्रांति एक्सप्रेस का विस्तार समस्तीपुर तक किया गया, तो चंपारण के यात्रियों के लिए सीट उपलब्धता और अधिक कठिन हो जाएगी. उन्होंने कहा कि यह इस रूट की एकमात्र सुपरफास्ट ट्रेन है, इसलिए इसके विस्तार से स्थानीय यात्रियों को नुकसान होगा.
इस रूट पर ट्रेन चलाने की मांग
उन्होंने सुझाव दिया कि समस्तीपुर के जनप्रतिनिधियों को पहले हाजीपुर रूट से चलने वाली सम्पर्क क्रांति और वैशाली एक्सप्रेस को नरकटियागंज रूट से चलाने की मांग करनी चाहिए. इसके बाद ही किसी विस्तार पर विचार होना चाहिए. अंत में राकेश सिंह ने कहा कि यदि इस ट्रेन के विस्तार की पहल की गई, तो चंपारण के यात्री आंदोलन के लिए बाध्य होंगे. उन्होंने वाल्मीकिनगर, बेतिया और मोतिहारी के सांसदों से भी इस मुद्दे पर सजग रहने की अपील की है .
(चंद्र प्रकाश आर्य की रिपोर्ट)
Also Read: बांका में देवघर से लौट रहे कार और बाइक की जबरदस्त टक्कर, 3 लोगों की मौत
