विरोध करने पर दुकानदार व उसके बड़े भाई एवं भतीजा को मारपीट कर किया घायल
दूसरे पक्ष ने दुकानदार सहित अन्य लोगांे के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करायी
बेतिया : शहर के स्टेशन चौक स्थित एक कपड़ा दुकनदार पर हमला कर 70 हजार रूपया लूट लिया. विरोध करने पर हमलावरों ने दुकानदार के बड़े भाई व उसके भतीजा को मारपीट कर घायल कर दिया.
इस बारे में बानुछापर निवासी कपड़ा दुकानदार राजेन्द्र प्रसाद यादव नगर थाना में प्राथमिकी में दर्ज करायी है. दर्ज प्राथमिकी बानुछापर के धर्मेन्द्र यादव, अमित यादव, बानुछापर टोला दुसैइया के नीरज पटेल, अरूण पटेल, अरविन्द महतो, आरएलएसवाइ प्रोफेसर कॉलोनी के मुन्ना गुप्ता सहित 20-25 अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया गया है.
आरोप लगाया गया है कि सभी आरोपी राजेन्द्र यादव के कपड़ा दुकान पर आये व दुकान नाम लिखने की बात कहने लगे. जब विरोध किया,तो आरोपियों ने मारपीट कर बिक्रकी का 70 हजार रुपया लूट लिया. जब पीड़ित ने शोर मचा,तो उनके बड़े भाई केदार प्रसाद यादव व भतीजा हजारी यादव आये,तो आरोपियों ने भी उनको भी मारपीट कर घायल कर दिया. वहीं बानुछापर के धर्मेन्द्र यादव ने नगर थाना में प्राथमिकी दर्ज करायी है. दर्ज प्राथमिकी में कपड़ा दुकानदार राजेन्द्र प्रसाद गुप्ता,
केदार यादव, नगीना यादव, हजारी यादव, मुकदेव यादव उर्फ मुन्ना यादव को आरोपी बनाया है. आरोप लगाया है कि आरोपियों ने उसे स्टेशन चौक के समीप रोका व मारपीट कर सोने का चेन, पॉकेट से 45 हजार व लैपटॉप लूट लिया. नगर थानाध्यक्ष विमलेंदु कुमार ने बताया कि दोनों पक्षों के आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है.
बेतिया : शराब कारोबारी को छोड़ निर्दोश को फंसाने के मामले में नौतन थाना के दारोगा महेन्द्र कुमार को पुलिस अधीक्षक विनय कुमार ने निलंबित कर दिया है. दारोगा पर नौतन प्रखंड के भगवानपुर पंचायत के मुखिया कन्हैया यादव ने आरोपी बालेश्वर मांझी को छोड़ने के एवज में 70 हजार रूपया रिश्वत मांगने व कारोबारी रामू साह को पैसा लेकर छोड़ने का आरोप लगाया था. इसको लेकर बीते शुक्रवार को नौतन थाने पर पंचायत के ग्रामीणों ने जमकर हंगामा किया था, तोड़-फोड़ व दारोगा के साथ हाथपाई भी हुई थी.
एसपी के निर्देश पर मामले की जांच सदर एसडीपीओ संजय कुमार झा ने किया था. जांच में दारोगा महेन्द्र कुमार की भूमिका संदिग्ध मिली है. इसी आधार पर एसपी ने दारोगा को निलंबित कर दिया है. कहा कि अगर आरोप सत्य पाया गया,तो दारोगा के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जायेगी.
