प्रेमियों के चंगुल से बचने को लगायी थी छलांग
बेतिया : इंटरसिटी एक्सप्रेस से फेंकी गयी श्रेया व ममता मामले की जांच करने सारण व बेतिया के रेलवे पुलिस की टीम तीसरी बार खलीलाबाद पहुंची. इस दौरान पुलिस टीम को दुर्घटना में बची ममता ने बयान दे दिया. दिये बयान में उसने बताया कि उन्हें चलती ट्रेन से फेंका नहीं गया था. बल्कि प्रेमी […]
बेतिया : इंटरसिटी एक्सप्रेस से फेंकी गयी श्रेया व ममता मामले की जांच करने सारण व बेतिया के रेलवे पुलिस की टीम तीसरी बार खलीलाबाद पहुंची. इस दौरान पुलिस टीम को दुर्घटना में बची ममता ने बयान दे दिया. दिये बयान में उसने बताया कि उन्हें चलती ट्रेन से फेंका नहीं गया था.
बल्कि प्रेमी हिमांशु व शिवम के नियत पर शक होने के कारण दोनों सहेली चलती ट्रेन से छलांग लगा दी थी. जिससे श्रेया की मौत हो गया व वह गंभीर रुप से घायल हो गयी थी.सारण के जीआरपी थानाध्यक्ष सुनील कुमार दूबे ने बताया कि ममता का बयान दर्ज कर कार्रवाई शुरु कर दी गयी है.
घर से प्रेमी हिमांशु त्रिपाठी व शिवम वर्मा के साथ भागी श्रेया व ममता स्वीफ्ट कार से पहले गोरखपुर पहुंची. गोरखपुर कार को छोड़ कर बिहार आने के लिए टे्रन पर सवार हुई. ट्रेन से नरकटियागंज पहले वे पहुंचे. उसके बाद इंटर सीटी स्प्रेस में सवार हो गयी. नरकटियागंज के बाद प्रेमियों का व्यवहार बदलने लगा. तब ट्रेन बेतिया से आगे बढ़ गयी थी. जब हिमांशु व शिवम के चंगुल में अपने को फंसता ममता व श्रेया ने देखा,ट्रेन से छलांग लगा दी.
यहां बता दे कि, 8 जनवरी को इंटरसिटी एक्सप्रेस से यूपी के खलीलाबाद के रहने वाली श्रेया, ममता के साथ रामनगर थाना के एक महिला भी बारी टोला रेलवे गुमटी के समीप ट्रैक पर गिरी मिली थी. इसमें श्रेया की मौत घटना स्थल पर ही हो गयी थी. जबकि ममता और उक्त महिला बेहोशी के हालत में एमजेके हॉस्पिटल में भरती कराया गया था.